कोरोना काल में आगरा के 35 गांवों पर बाढ़ का खतरा, 3. 5 मीटर बढ़ा चंबल का स्तर

Smart News Team, Last updated: 25/08/2020 09:08 AM IST
  • कोरोना काल में आगरा के 35 गांवों पर बाढ़ का खतरा मंडराने लगा है. कोटा बैराज से पानी छोड़े जाने के कारण चंबल नदी का स्तर 3. 5 मीटर बढ़ा है. लेखपालों को गांव में ही ठहरने को कहा गया है. वहीं तहसील प्रशासन ने आठ बाढ़ चौकियां गठित की हैं.
कोरोना काल में आगरा के 35 गांवों पर बाढ़ का खतरा, 3. 5 मीटर बढ़ा चंबल का स्तर

आगरा. आगरा में कोरोनावायरस संक्रमण तो फैलता ही जा रहा है वहीं लगभग 35 गावों पर बाढ़ का संकट भी आता दिख रहा है. दरअसल चंबल नदी का स्तर 3.5 मीटर बढ़ा है. कोटा बैराज से 2.35 लाख क्यूसेक पानी छोड़ा गया जिसके बाद चंबल नदी का जलस्तर 3 .5 मीटर बढ़कर 119 मीटर तक पहुंच गया है. इसे देखते हुए प्रशासन ने अलर्ट जारी किया है. नदी किनारे बसे 35 गांवों के लोग चिंतित हैं. कछारों में पानी भर गया है. प्रशासन ने हलका लेखपालों को गांव में ही रहने और नदी के जलस्तर पर नजर रखने को कहा है.

119 मीटर पर बह रही चंबल नदी का पानी खादरों के जरिए बीहड़ के रास्ते पर भर गया है. बाह के गुढ़ा, गोहरा, रानीपुरा, भटपुरा, मऊ की मढ़ैया, डगोरा, पुरा शिवलाल, पुरा डाल, उमरैठापुरा आदि गांवों के रास्ते घिरने का खतरा है. नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने पर बाह के रेंजर आरके सिंह राठौड़ ने तट के गांवों के लोगों को सावधान किया है. चंबल नदी के उफान ने 35 गांवों के कछार की फसल को डुबो दिया है. फसल के साथ ही रखवाली के लिए बनाई गई किसानों की झोपड़ी भी डूब गई है.

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नदी का जलस्तर तेजी से बढ़ने पर निचले इलाकों में रहने वाले लोगों को विस्थापित करने के इरादे से प्रशासन ने आनन-फानन में आठ बाढ़ चौकियां सिमराई, पुरा भगवान, खेडाराठौर, मन्सुखपुरा, पिनाहट, उमरैठा, बासौनी,नंदगवां में गठित की है. तहसीलदार बाह हेमचन्द्र शर्मा ने बताया कि गठित बाढ़ चौकियों पर कर्मियों की नियुक्ति की गयी है. सभी संसाधन जुटाये जा रहे हैं.

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मध्य प्रदेश पुलिस ने तेज बहाव को देख पिनाहट घाट पर यात्रियों के आवागमन के लिए चल रहे स्टीमर का संचालन बंद करा दिया है. इससे ग्रामीणों में आक्रोश है. पिनाहट घाट पर बना शिव भगवानन का प्राचीन मंदिर भी चंबल नदी में बढ़ते हुए जलस्तर के चलते डूब गया है. हालांकि जेई सिंचाई विभाग मुकेश कुमार का कहना है कि अभी खतरे जैसी कोई बात नहीं है.

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