देश का सबसे प्रदूषित शहर बना आगरा, एक्यूआई पहुंचा 458

Smart News Team, Last updated: Mon, 9th Nov 2020, 6:19 PM IST
  • आगरा में बीते रविवार को भी प्रदूषण का स्तर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया. इतना ही नहीं, आगरा देश का सबसे प्रदूषित जिला भी बन चुका है. उत्तर प्रदेश के जिले आगरा में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 458 पर पहुंच गया, जो कि बेहद खतरनाक स्थिति मानी जाती है.
आगरा में प्रदूषण का स्तर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया

आगरा: आगरा में प्रदूषण का स्तर तेजी से बढ़ता ही जा रहा है. बीते रविवार को भी आगरा में प्रदूषण का स्तर खतरनाक स्तर पर पहुंच गया. इतना ही नहीं, आगरा देश का सबसे प्रदूषित जिला भी बन चुका है. उत्तर प्रदेश के जिले आगरा में वायु गुणवत्ता सूचकांक (एक्यूआई) 458 पर पहुंच गया, जो कि बेहद खतरनाक स्थिति मानी जाती है. प्रदूषण के स्तर को लेकर चिकित्सकों ने बताया है कि इससे लोगों को सांस लेने में तकलीफ हो रही है.

आगरा में सुबह से लेकर रात तक धूल कणों की मात्रा 500 के आसपास ही बनी रही. बताया जा रहा है आगरा में प्रदूषण के बढ़ते स्तर का कारण शहर में 450 किमी सड़कों की खोदाई और धूल नियंत्रण के उपाय न किया जाना है. जिले की हवा में कॉर्बन मोनोऑक्साइड की मात्रा सबसे ज्यादा रही. वहीं, दूसरी और जहरीली गैसों की मात्रा में शनिवार को शाम 4 बजे के बाद एकाएक उछाल आना शुरू हो गया, जिससे देर रात 12 बजे हवा में धूल कणों की मात्रा 500 के पार पहुंच गई. शनिवार की यह स्थिति रविवार को बनी रही.

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बता दें कि आगरा में अभी भी 450 किमी सड़कों की खोदाई चल रही है, जिसे जिले में चारों तरफ धूल उड़ रही है. इसके साथ ही धूल को रोकने के लिए प्रशासन की तरफ से कोई कार्रवाई भी नहीं की जा रही है. केंद्रीय प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड द्वारा जारी की गई सूची में आगरा के बाद गाजियाबाद और भिवाड़ी देश का दूसरा और तीसरा सबसे प्रदूषित शहर रहा. इस मामले को लेकर उत्तर प्रदेश प्रदूषण नियंत्रण बोर्ड के क्षेत्रीय अधिकारी भुवन प्रकाश यादव ने बताया कि धूल कणों को रोकने के लिए पानी का छिड़काव करने और नियंत्रण के अन्य कदम उठाने के लिए बोर्ड ने विभागों को नोटिस जारी किए हैं.

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