अंधेरे में डूबा आगरा का ताजगंज श्मशान घाट, बाढ़ के चलते होगा भारी नुकसान

Smart News Team, Last updated: Sat, 14th Aug 2021, 12:36 PM IST
  • आगरा के ताजगंज श्मशान घाट जोकि कोरोना काल के वक्त सबसे ज्यादा चर्चा मेें आया था, अब वो अंधेरे में डूबा हुआ नजर आया है. इसकी वजह है वो रोशनी उपलब्ध कराने के लिए किसी भी तरह की व्यवस्था का न होना. यदि बाढ़ आती है तो इससे वहां लोगों की जान को खतरा पैदा हो सकता है.
बिना किसी रोशनी के अंधेरे में डूबा हुआ आगरा का ताजगंज श्मशान घाट (फाइल फोटो)

आगरा. आगरा का ताजगंज श्मशान घाट पिछले काफी वक्त से अंधरे में डूबा हुआ नजर रहा है. शाम के वक्त यहां पर जाने वाले लोगों को काफी दिक्कतों का सामना करना पड़ता है. इसके पीछे की वजह है यहां पर किसी भी तरह की रोशनी की सुविधा का न होना. इस चीज को लेकर नगर निगम तक को सूचित किया जा चुका है, लेकिन अभी तक किसी भी तरह की कोई सुनवाई नहीं की गई. इस पूरे मामले में इस वक्त बजाजा कमेटी के पदाधिकारियों में काफी गुस्सा देखने को मिल रहा है.

ताजगंज श्मशान घाट तक जाने के लिए मेन रोड से करीब डेढ़ किलोमीटर की दूरी तय करनी पड़ती है. वैसे रास्ते में नगर निगम की स्ट्रीट लाइट लगाई है. साथ ही श्मशान घाट पर स्ट्रीट लाइटों के अलावा हाईमाल्ट भी लगाई है. लेकिन अब वो केवल एक शोपीस की तरह वहां पर खड़ी हुई है. लाइट काफी वक्त से खराब है और इससे आम जनता को काफी परेशानी झेलनी पड़ रही है.

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ये बात बिल्कुल भी प्रशासन को हल्के में नहीं लेना चाहिए. ऐसा इसीलिए क्योंकि यमुना का जल स्तर अब काफी अधिक हो गया है. इसके चलते अब पानी घाट को छू कर बह रहा है. ऐसे में यहां छाए रहने वाले अंधेर के चलते किसी को भी नुकसान हो सकता है. आपकी जानकारी के लिए बता दें कि श्मशान घाट की पूरी व्यवस्था क्षेत्र बजाजा कमेटी देखती है.

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इस मामले में नगर निगम के बिजली विभाग से जुड़े एक कर्मचारी का ये कहना है कि स्ट्रीट लाइटों को हाल ही में कुछ दिनों पहले ही ठीक कराया गया था. इसके अलावा बाढ़ और अंधेरे के खतरे को ध्यान में रखते हुए बजाजा कमेटी के प्रवक्ता नंद किशोर गोयल ने कहा कि स्ट्रीट लाइट खराब होने से जुड़ी जानकारी मिली थी. बारिश का मौसम वैसे भी चल रहा है. युमना का जल स्तर भी इस वक्त काफी बढ़ा हुआ है. ऐसे में घाट पर अंधेरा होना और भी खतरनाक साबित हो सकता है.

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