फर्जी डिग्री मामले पर हाईकोर्ट ने की सुनवाई, कहा- जांच होने तक बर्खास्त रहेंगे शिक्षक

Smart News Team, Last updated: Fri, 26th Feb 2021, 9:00 PM IST
  • इलाहबाद हाईकोर्ट ने बीएड की फर्जी डिग्री के आधार पर नियुक्ति लेने वाले शिक्षाको को जांच होने तक बर्खास्त रहने का आदेश दिया है. साथ ही यह भी कहा है कि इस जांच को चार महीने में पूरी कर लिया जाए.
फर्जी डिग्री मामले पर हाईकोर्ट ने की सुनवाई, कहा- जांच होने तक बर्खास्त रहेंगे शिक्षक

आगरा. आगरा के बीआर अंबेडकर विश्वविद्यालय से फर्जी बीएड डिग्री के आधार पर प्राथमिक विद्याकलों में नियुक्ल्ती लेने वाले शिक्षकों को बर्खास्त कर दिया गया है. जिसको इलाहबाद हाईकोर्ट ने सही मानते हुए आरोपियों के खिलाफ जांच करने के आदेश दिया है. साथ ही यह भी कहा है कि इसकी जांच चार महीने में पूरी कर ली जाय और तब सभी जांच के घेरे में शिक्षक बर्खास्त ही रखे जाए. वही परिणाम आने तक सभी पहले की ही तरह कार्य करते रहेंगे और बर्खास्तगी का आदेश जांच का परिणाम आने के बाद ही निर्णय लिया जाए.

इलाहबाद हाईकोर्ट ने इस जांच की निगरानी स्वयं कुलपति को सौपी है. साथ ही कोर्ट ने यह भी कहा है कि अगर जांच में देरी होती है तो संबंधित अधिकारीयों के वेतन को रोका लिया जाएगा. वही इसकी अवधि आगे नहीं बधाई जाएगी. हाईकोर्ट ने सुनवाई के दौरान यह बी कहा कि यदि जांच में डिग्री सही पाई जाती है तो बरखैगी को वापस ले लिया जाए. वही इसकी सुनवाई न्यायमूर्ति एमएन भंडारी एवं न्यायमूर्ति सौरभ श्याम शमशेरी की खंडपीठ ने किया है.

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आपको बता दे कि आगरा के बीआर अंबेडकर विश्वविद्यालय से फर्जी बीएड डिग्री के आधार पर 2005 में हजारों लोगों ने सहायक अध्यापक के पद पर नियुक्ति ली थी. वहीं जब इसका खुलासा हुआ तो हाईकोट ने इसकी जांच के लिए एसआईटी गठित किया था. जिसके बाद इतने बड़े पैमाने पर धांधली का खुलासा हुआ. जिसके बाद हाईकोर्ट की एकल पीठ ने सभी अध्यापको को बर्खास्त करने का निर्देश दिया था. साथ ही फर्जी डिग्री के आधार पर नियुक्ति पाने वालों के खिलाफ जांच करने के लिए भी कहा था.

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