आगरा

कोरोना इफेक्ट: लॉकडाउन में पतियों ने कर ली दूसरी शादी, पत्नियां कर रही इंतजार..

Smart News Team, Last updated: 12/07/2020 02:03 PM IST
  • आगरा में कोरोना वायरस संकट के दौर में अलग-अलग तरह की समस्याएं सामने आ रही हैं। कोरोना लॉकडाउन में कई पतियों ने दूसरी शादी कर ली और अब पत्नियां अभी तक काउंसलिंग का इंतजार कर रहीं हैं।
लॉकडाउन में टल गईं बड़ी संख्या में शादी, जून में सिर्फ आठ मुहूर्त फिर लंबा होगा इंतजार।

आगरा में कोरोना वायरस संकट के दौर में अलग-अलग तरह की समस्याएं सामने आ रही हैं। कोरोना लॉकडाउन में कई पतियों ने दूसरी शादी कर ली और अब पत्नियां अभी तक काउंसलिंग का इंतजार कर रहीं हैं। परिवार परामर्श केंद्र में चल रहे केसों में पांच महिलाओं ने शिकायत की है। महिलाओं का आरोप है कि पतियों ने चुपके से लॉकडाउन में शादी कर ली हैं। महिलाओं ने इसकी शिकायत भी की है।

लॉकडाउन के बाद परिवार परामर्श केंद्र में काउंसलिंग नहीं हो रही है। इससे पीड़िताएं परेशान हैं। गुरुवार को पीड़िताओं ने शिकायत की हैं कि पतियों ने दूसरी शादी कर ली है। पत्नियां काउंसलिंग का इंतजार कर रहीं हैं।

केस- 1

फरेरा निवासी पीड़िता का पति दिल्ली में रहता है। उसकी फाइल लगभग दो साल से चल रही है। महिला का आरोप है कि पति काउंसलिंग में नहीं आता है। उसके तीन बच्चे हैं। अब उसने लॉकडाउन में शादी कर ली है।

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केस- 2

गढ़ी भदौरिया की रहने वाली महिला ने आरोप लगाया है कि उसकी फाइल का निस्तारण नहीं किया गया। 14 साल शादी के बाद पति घर नहीं आया। ससुर ने केस डलवाया। जानकारी हुई पति ने दूसरी शादी कर ली है।

केस- 3

केके नगर निवासी महिला ने आरोप लगाया है कि पति ने दूसरी शादी कर ली। उसे नौकरानी से पता चला कि पति उसी कॉलोनी की दूसरी गली में रह रहा है। परिवार परामर्श केंद्र में फाइल है। महिला ने कोर्ट में मामले को लेकर पहुंची है।

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परिवार परामर्श केंद्र में केस चल रहे हैं। महिलाओं का कहना है कि अगर हमें किसी भी तरह का न्याय नहीं मिल सकता है। तो क्यों समय बर्बाद किया जाता है। सीधे कोर्ट में ही भेज दिया जाया करे। कुछ महिलाएं आयोग में शिकायत करने की बात कह रही हैं। परिवार परामर्श केंद्र में 500 से अधिक फाइलें लंबित चल रहीं हैं।

परिवार परामर्श केंद्र की प्रभारी कमर सुल्ताना ने कहा कि तीन साल पुरानी फाइलों को बंद कर दिया गया है। हमारे पास सिर्फ 19 महीनों की ही फाइलें हैं। यह मामला संज्ञान में नहीं है। फिर भी अगर महिलाएं चाहेंगी तो संबंधित थाने से मुकदमा दर्ज करवाया जाएगा। संक्रमण के कारण अभी काउंसलिंग शुरू नहीं की गई है।

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