आगरा

कब समझेंगे आप? आगरा के मलपुरा में झोलाछाप डॉक्टर ने छह माह के मासूम की ली जान

Smart News Team, Last updated: 03/06/2020 01:03 PM IST
  • आगरा-ग्वालियर रोड स्थित भांडई गांव में एक झोलाछाप ने छह माह के मासूम की जान ले ली। वह बीमार मासूम को लगातार बोतलें चढ़ाता रहा और मासूम की मौत के बाद भी गुमराह करता रहा।
प्रतीकात्मक तस्वीर

झोलाछाप डॉक्टरों की लापरवाही की खबरें लगातार आती रहती हैं, मगर लोग तब भी सबक नहीं लेते। यूपी के आगरा में एक झोलाछाप से इलाज करवाने की वजह से एक मासूम की जान चली गई। दरअसल, आगरा-ग्वालियर रोड स्थित भांडई गांव में एक झोलाछाप ने छह माह के मासूम की जान ले ली। वह बीमार मासूम को लगातार बोतलें चढ़ाता रहा और मासूम की मौत के बाद भी गुमराह करता रहा। जब मासूम की मौत हो गई तो परिजनों ने झोलाछाप के क्लीनिक और चौकी पर हंगामा किया। झोलाछाप के विरुद्ध तहरीर दी है।

धर्मेंद्र सिंह निवासी नगला छारी (सैंया) रिश्तेदार भोले शंकर निवासी गोपालपुरा (मलपुरा) के यहां पत्नी और छह माह के बच्चे गणेश के साथ आया था। अचानक बच्चे के पेट में दर्द हुआ। उसे बुखार भी आ गया। घरवाले उसे गांव मांडवी में एक झोलाछाप के यहां ले गए। घरवालों के अनुसार, उन्होंने झोलाछाप से बच्चे को सिर्फ चेक करने को कहा। लेकिन उसने बच्चे को जबरदस्ती बोतल लगा दी।

दोपहर दो बजे एक बोतल लगाई गई। फिर एक और बोतल लगा दी। इससे बच्चे का शरीर ठंडा पड़ने लगा। परिजनों ने आपत्ति जाहिर की। तब भी झोलाछाप कहता रहा कि पांच घंटे बाद बच्चे को होश आ जाएगा। परिजनों के अनुसार, बच्चे की मौत हो चुकी थी लेकिन झोलाछाप गुमराह करता रहा।

इसके बाद परिजनों और ग्रामीणों ने हंगामा कर दिया। मौके पर ककुआ चौकी की पुलिस पहुंच गई। झोलाछाप को साथ ले गई। परिजनों ने और ग्रामीणों ने कार्रवाई को लेकर चौकी पर भी हंगामा किया। झोलाछाप के खिलाफ तहरीर दी है। थाना प्रभारी अनुराग शर्मा ने परिजनों को समझाया और कार्रवाई करने का आश्वासन दिया।

अन्य खबरें