CM शिवराज गृह गांव में पानी पहुंचा टोंटी नहीं, भड़कते हुए कमिश्नर-कलेक्टर को दिए आदेश

Swati Gautam, Last updated: Sun, 7th Nov 2021, 1:35 PM IST
  • मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार को अपने गृह गांव सीहोर जिले में पहुंचे जहां गांव वालों ने अपनी समस्या बताते हुए कहा कि जैत गांव ने नर्मदा का पानी तो पहुंच गया है लेकिन पानी भरने के लिए टोंटियां नहीं लगी हैं. इस पर सीएम शिवराज भड़क गए और बोले, ये काम करने का कोई तरीका नहीं है. इसके बाद सीएम ने कमिश्नर-कलेक्टर की गांवों में टोटियां लगवाने की ड्यूटी लगा दी.
CM शिवराज गृह गांव में पानी पहुंचा टोंटी नहीं, भड़कते हुए कमिश्नर-कलेक्टर को दिए आदेश

भोपाल. मध्य प्रदेश के मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान शनिवार को अपने गृह गांव सीहोर जिले में पहुंचे जहां गांव के लोगों ने उनसे अपनी परेशानियां और समस्याएं साझा की. गांव वालों ने कहा कि जैत गांव ने नर्मदा का पानी तो पहुंच गया है लेकिन पानी भरने के लिए टोंटियां नहीं लगी हैं. गांव के लोग नर्मदा का पानी पहुंचने के बाद भी उसका लाभ नहीं ले पा रहे हैं. इस पर सीएम शिवराज सिंह भड़क गए और बोले मेरे क्षेत्र में ही पानी नहीं जा रहा है. जैत में ही पानी सब जगह नहीं पहुंचा है. ये काम करने का कोई तरीका नहीं है. इसके बाद सीएम ने कमिश्नर-कलेक्टर की गांवों में टोटियां लगवाने की ड्यूटी लगा दी.

मुख्यमंत्री शिवराज सिंह चौहान के लिए जैत गांव में स्वागत सत्कार के लिए मंच बनाया गया था. इस मंच पर ही आसपास के गांव के लोग अपनी-अपनी समस्याएं लेकर खड़े हो गए. जिसमें ज्यादातर समस्याएं पानी को लेकर थी. ऐसे आवेदन के बाद सीएम का गुस्सा सातवें आसमान पर पहुंच गया. सीएम ने कहा कि मेरे क्षेत्र में ही पानी नहीं जा रहा. ये किस का काम है, क्या ये मेरा काम है. जल निगम के कर्मचारी की तरफ इशारा करते हुए सीएम ने चेतावनी दी और कहा कि एक साथ आवेदन दे रहा हूं, इनके बारे में 15 दिन के बाद पूछूंगा, अगर एक जगह की भी शिकायत आ गई तो तुम नहीं रहोगे.

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सीएम शिवराज सिंह का गुस्सा सांत्वे आसमान पर था उन्होंने आगे कहा कि ये काम करने का कोई तरीका नहीं है भोपाल संभाग के कमिश्नर गुलशन बामरा की तरफ इशारा करते हुए उन्होंने आगे कहा कि 15 दिन के बाद कमिश्नर और कलेक्टर खुद देखेंगे. इसके बाद जहां ग़ड़ब़ड़ मिल गई तो वहां मैं ठीक कर दूंगा. क्या मुख्यमंत्री का काम है कि टोंटी में पानी आ रहा है या नहीं, देखे. एक-एक टोंटी को क्या मैं देखूंगा. पूरा चैक करके सर्वे करो. उन्होंने आगे कहा कि सरकार ने नर्मदा पानी ले जाने मेंइतना पैसा इनवेस्ट किया है फिर भी कहीं पानी है तो नहीं है. अब पूरा चैक करके 15 दिन बाद रिपोर्ट चाहिए. इसके बाद किसी की शिकायत आ गई तो फिर खैर नहीं है. मुख्यमंत्री क्या हम्माली करेगा.

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