सुशांत केस: मुंबई पुलिस को गाली देने में 80000 फेक एकाउंट, विदेश से चला कैंपेन

Smart News Team, Last updated: 05/10/2020 08:31 PM IST
  • मुंबई पुलिस ने दावा किया है कि 80 हजार फेक अकाउंट बनाकर सुशांत सिंह राजूपत केस में मुंबई पुलिस और महाराष्ट्र सरकार की छवि खराब करने की कोशिश की गई. सोशल मीडिया पर मुंबई पुलिस की जांच के खिलाफ इटली, जापान, पोलैंड, स्लोवेनिया, इंडोनेशिया, तुर्की, थाईलैंड, रोमानिया और फ्रांस जैसे देशों से कैंपेन चला.
सुशांत केस: मुंबई पुलिस को गाली देने वाले 80 हजार फेक एकाउंट, विदेश से सोशल मीडिया कैंपेन

मुंबई. मुंबई पुलिस ने दावा किया है कि सुशांत सिंह राजपूत मौत केस में मुंबई पुलिस की जांच और महाराष्ट्र सरकार को बदनाम करने के लिए सोशल मीडिया पर 80 हजार से ज्यादा फर्जी अकाउंट बनाए गए. मुंबई के पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह ने साइबर सेल को पूरे मामले की जांच करके केस दर्ज करने का आदेॆश दिया है.

मुंबई पुलिस की साइबर यूनिट ने रिपोर्ट तैयार की है जिसमें बताया गया है कि मुंबई पुलिस की जांच के खिलाफ माहौल बनाने के लिए संगठित तरीके से सोशल मीडिया कैंपन चला. इटली, जापान, पोलैंड, स्लोवेनिया, इंडोनेशिया, तुर्की, थाईलैंड, रोमानिया और फ्रांस जैसे देशों से विदेशी भाषा तक में सोशल मीडिया पोस्ट हुए और हैशटैग ट्रेंड कराए गए.

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पुलिस कमिश्नर परमबीर सिंह ने कहा- मुंबई पुलिस के खिलाफ ये प्रचार सिर्फ इसलिए चलाया गया ताकि हमारा मनोबल तोड़ा जा सके और ये सब तब किया गया जब हमारे 84 जवान कोरोना से लड़ते हुए शहीद हो चुके थे और 6000 से ज्यादा कोरोना के मरीज बन गए थे. ये एक मोटिवेटेड अभियान था जिसका मकसद मुंबई पुलिस को बदनाम करना और जांच को पटरी से उतारना था. सोशल मीडिया पर फेक एकाउंट बनाए गए जिससे पुलिस को गाली दी गई. हमारी साइबर सेल पूरे मसले की गहराई से जांच कर रही है और जो कोई भी कानून का उल्लंघन करता पाया जाएगा उसके खिलाफ कार्रवाई होगी.

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एम्स की टीम से सुशांत केस में मर्डर एंगल खारिज होने पर परमबीर सिंह ने कहा कि हमने बहुत पेशेवर तरीके से केस की जांच की थी. सीबीआई ने एम्स के डॉक्टरों का पैनल बनाया था जिसने हमारी जांच, कूपर हॉस्पिटल और फोरेंसिक लैब की रिपोर्ट को सही ठहराया है. कुछ लोगों के अलावा किसी को हमारी जांच के बारे में कुछ नहीं पता था लेकिन जांच की आलोचना करने वाले काफी लोग थे.

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