इंदौर: 1500 रुपए के लालच में फिटर की परीक्षा देते पकड़ा गया शख्स, हुआ गिरफ्तार

Smart News Team, Last updated: 02/03/2021 09:43 PM IST
  • इंदौर के नंदानगर स्थित गवर्नमेंट इंडस्ट्रियल ट्रेनिंग इंस्टीट्यूट (आईटीआई) में एक परीक्षार्थी अन्य छात्र के नाम पर परीक्षा देते पकड़ा गया है. हालांकि, पर्यवेक्षक ने चेकिंग के दौरान शख्स को पकड़ लिया और फिर उसे पुलिस के हवाले कर दिया.
सांकेतिक तस्वीर

इंदौर. फिल्म 'मुन्नाभाई' की तर्ज पर ही किसी और के नाम पर फर्जी तरीके से एग्जाम देते हुए शख्स को पकड़ा किया गया है. बता दें कि इंदौर के नंदानगर स्थित गवर्नमेंट इंडस्ट्रियल ट्रैनिंग इंस्टिट्यूट (आइटीआइ) में एक परीक्षार्थी अन्य छात्र के नाम पर परीक्षा देते पकड़ा गया है. फीटर ग्रेड का पेपर हल करने आए शख्स पर पर्यवेक्षक को शंका हुई.  

जिसके बाद में आइटीआइ प्रबंधन ने दूसरे छात्र को भी बुलवा लिया. पूछताछ में छात्र ने परीक्षा में दूसरे विद्यार्थी को बिठाने की बात कही. साथ ही बताया कि उसके लिए पंद्रह सौ रुपए देना है. मामले में एक प्राइवेट आइटीआइ का कोर्स करवाने वाली संस्था के संचालक का नाम सामने आया है. आइटीआइ प्रबंधन ने दोनों छात्रों को पुलिस को सौंप दिया है. बता दें कि आईटीआई में फिटर और इलेक्ट्रीशियन ग्रेड का इंजीनियरिंग ड्राइंग विषय का पेपर था. करीब 165 परीक्षार्थी मौजूद थे. पेपर शुरू होने के बीस मिनट बाद पर्यवेक्षकों ने विद्यार्थियों के फोटो आइडी-रोल नंबर का मिलान किया. जैसे ही पर्यवेक्षक विष्णु प्रसाद भामरे नामक छात्र के पास पहुंचे तो आधार कार्ड-रोल नंबर पर दर्शाए फोटो से छात्र का चेहरा मिलता-जुलता नजर नहीं आया. बाद में वाइस प्रिसिंपल गंजानंद शाजापुरकर को बुलाया. स्टाफ छात्र को दूसरे कमरे में लेकर गया और सख्ती से पूछताछ करने पर छात्र ने अपना नाम तुषार चौधरी बताया.

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परीक्षा देने आए छात्र द्वारा नाम बताने के बाद स्टाफ ने परीक्षा फॉर्म से विष्णु का मोबाइल नंबर निकाला और फोनकर उसे बुलाया. विष्णु एक प्राइवेट संस्थान पुष्प आइटीआइ से फिटर का कोर्स कर रहा था, जो इन दिनों बंद हो चुकी है. दोनों छात्रों से पूछताछ करने पर सामने आया कि पुष्प आइटीआइ के एक पटेल सर के कहने पर विष्णु के नाम से तुषार परीक्षा देने आया था. बदले में विष्णु ने 1500 रुपये भी पुष्प आइटीआइ वाले संचालक को दिए थे.

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