इंदौर : 84 साल के बुजुर्ग और 80 साल की वृद्धा ने दी कोरोना को मात

Smart News Team, Last updated: 08/09/2020 04:57 PM IST
  • इंदौर. सोमवार को इंडेक्स अस्पताल से डिस्चार्ज हुए 57 मरीज 84 साल के बुजुर्ग ने कहा कि बचने की नहीं थी कोई उम्मीद, आत्मविश्वास से मिली जीने की राह
प्रतीकात्मक तस्वीर 

इंदौर। इंदौर में एक 84 वर्षीय बुजुर्ग व 80 वर्षीय महिला ने कोरोना मात दे दी है. इस दौरान दोनों कोरोना की जंग जीत कर अपने घर लौट गए. दोनों ने ही आत्मविश्वास के जरिए कोरोना पर विजय प्राप्त की. हॉस्पिटल से डिस्चार्ज होने के बाद बुजुर्ग ने पत्रकारों से अपनी बातें साझा की.इस दौरान उन्होंने कोरोना को मात देने के टिप्स भी दिए. दरअसल सोमवार काे इंडेक्स अस्पताल से कुल 57 काेराेना संक्रमित मरीजों को अस्पताल से डिस्चार्ज किया. यह सभी 57 मरीज अस्पताल में इलाज के दौरान स्वस्थ हो चुके थे. लगातार इनकी चार रिपोर्ट नेगेटिव आ चुकी थी जिसके बाद उन्हें अस्पताल से डिस्चार्ज करते हुए घर के लिए रवाना कर दिया गया.

इन मरीजाें में 84 साल के लक्ष्मीनारायण ने अपना अनुभव साझा करते हुए बताया कि अस्पताल में भर्ती होने से पहले मुझे बचने की उम्मीद नहीं थी, लेकिन अस्पताल के डॉक्टरों एवं स्टाफ ने परिवार की तरह मेरा ध्यान रखा और मुझे हर जरूरी सुविधाएं दी.डॉक्टरों ने इलाज के दौरान मेरा मनोबल भी बढ़ाया. इस दौरान वह इलाज के साथ आत्मविश्वास भी बढ़ा रहे थे.

डॉक्टरों का व्यवहार बेहद पॉजिटिव रहा जिसकी वजह से जीने की चाह बढ़ गई.इसी के चलते कोरोना को हराने में मदद मिली. इसी का परिणाम है कि मैं आज कोरोना को हरा पाया और खुशी खुशी अपने घर लौट रहा हूं.इसके अलावा 80 साल की पार्वती बाई भी काेराेना काे हराकर घर लाैटीं है. उन्होंने कहा कि डॉक्टरों का व्यवहार बेहद सरल था. इसके चलते हॉस्पिटल में चिड़चिड़ापन नहीं होता था.

कई बार डॉक्टरों के मिस बिहेव के चलते मरीजों की हालत खराब हो जाती है. उन्होंने आगे कहा कि अस्पताल में बेहतर सुविधा उपलब्ध थी. सभी मरीजों का अच्छे से ख्याल रखा जाता था. साथ ही समय पर दवा नाश्ता भोजन, पानी आदि उपलब्ध कराया जाता था. इससे स्वास्थ्य सुधार होने में कम समय लगा.

 

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