इंदौर: एलिवेटेड कॉरिडोर पर सरकार को सुप्रीम कोर्ट से मिली राहत

Smart News Team, Last updated: 07/08/2020 10:11 PM IST
  • इंदौर शहर में ट्रैफिक समस्या का निराकरण करने के लिए एलिवेटेड कॉरिडोर  बनाना तय किया गया था. इसके खिलाफ सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में स्पेशल लीव पिटिशन (सिविल) दायर की थी.
एलिवेटेड कॉरिडोर

मध्यप्रदेश सरकार को सुप्रीम कोर्ट से बड़ी राहत मिली है। शहर में एलआईजी से नौलखा तक बनने वाले एलिवेटेड काॅरिडोर के लिए हाई कोर्ट ने कॉन्ट्रेक्टर फर्म यूपी स्टेट ब्रिज कार्पोरेशन को ऑफर लेटर दिए जाने के आदेश जारी कर दिए थे. इसके खिलाफ सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में स्पेशल लीव पिटिशन (सिविल) दायर की थी। शीर्ष अदालत ने सुनवाई करते हुए हाई कोर्ट के आदेश पर अंतरिम रोक लगा दी है.

दरअसल जस्टिस रोहिंगन फाली नरीमन, जस्टिस नवीन सिन्हा की खंडपीठ के समक्ष यह मामला सुनवाई के लिए लगा था. शासन की ओर से महाधिवक्ता पुरुषेंद्र कौरव ने पैरवी की. शहर में ट्रैफिक समस्या का निराकरण करने के लिए इस ब्रिज को बनाना तय किया गया था. लोक निर्माण विभाग की देखरेख में यह ब्रिज बनना है.

इस ब्रिज को बनाए जाने की तैयारी तत्कालीन कांग्रेस सरकार में शुरू हुई थी. कुछ कंपनियों ने इसमें दिलचस्पी भी दिखाई थी. इसके खिलाफ सरकार ने सुप्रीम कोर्ट में स्पेशल लीव पिटिशन (सिविल) दायर की थी। शीर्ष अदालत ने सुनवाई करते हुए हाई कोर्ट के आदेश पर अंतरिम रोक लगा दी है.

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें