इंदौर: DAVV में अगले साल शुरू होंगे पार्ट टाइम बीकॉम, बीए, एमए के कोर्स

Smart News Team, Last updated: 16/09/2020 11:26 AM IST
  • इंदौर. छात्रों को उपलब्ध कराए जाएंगे ऑनलाइन स्टडी मैटेरियल. इग्नू-भोज यूनिवर्सिटी की तर्ज पर होगी पढ़ाई, हफ्ते में सिर्फ एक या दो दिन क्लास. 60 सीट से हो सकती है शुरुआत, 03 साल का रहेगा कोर्स
प्रतीकात्मक तस्वीर 

इंदौर। देवी अहिल्या यूनिवर्सिटी में भी इग्नू भोज यूनिवर्सिटी की तर्ज पर शिक्षण कार्य शुरू किए जाने की कवायद चल रही है. जल्द ही यूनिवर्सिटी दूरस्थ शिक्षा पर नए कोर्स जारी कर सकती है. यूनिवर्सिटी प्रशासन द्वारा इसको लेकर प्रस्ताव तैयार किया गया है. प्रस्ताव पर मुहर लग चुकी है. जल्द ही यह शिक्षण प्रणाली भी विश्विद्यालय में लागू हो जाएगी. पहली बार पार्ट टाइम यानी डिस्टेंस लर्निंग से यूजी (अंडर ग्रेजुएशन) और पीजी (पोस्ट ग्रेजुएशन) कोर्स शुरू होंगे. यूजीसी से यूजी के 3 और पीजी के 7 कोर्स शुरू करने की मंजूरी मिल चुकी है.

सत्र 2021 में इन कोर्स में एडमिशन शुरू हो जाएंगे. सामान्य परंपरागत कोर्स की ही तरह यूजी 3 साल और पीजी 2 साल का होगा. यानी इसकी समय सीमा में कोई बदलाव नहीं किया गया है. यूजी और पीजी किए जाने के समय पहले की तरह ही रहेंगे. एडमिशन के साथ छात्रों को स्टडी मटेरियल ऑनलाइन ही मिलेगा, ताकि वे घर बैठे पढ़ाई कर सकें. हफ्ते में कम से कम एक दिन क्लास लगेगी. इग्नू और भोज यूनिवर्सिटी की तर्ज पर ये कोर्स चलेंगे.ऑनलाइन स्टडी मटेरियल उपलब्ध करा दिए जाने के चलते छात्रों को विश्वविद्यालय आने की जरूरत नहीं होगी. घर बैठे ही वह अपनी पढ़ाई पूरी कर सकेंगे.

छात्रों को फायदा, नियमित नहीं आना होगा स्कूल

यूजी और पीजी में दूरस्थ शिक्षण प्रणाली लागू होने से छात्रों को सहूलियत होगी. अब उन्हें रोजाना विश्वविद्यालय आकर पढ़ाई करने की जरूरत नहीं होगी. इसके लिए छात्रों को अतिरिक्त खर्च वहन नहीं करना होगा. गरीब छात्र घर बैठे ही अपनी पढ़ाई पूरी कर सकेंगे.

 

रोजाना क्लास अटेंड करने के लिए उन्हें विश्वविद्यालय के आसपास कमरे लेकर ठहरने की जरूरत नहीं होगी. वह अपने घर परिवार के साथ रहकर पढ़ाई पूरी कर सकेंगे. छात्रों को नियमित क्लास नहीं आना पड़ेगा, साथ ही पढ़ाई के साथ जॉब करने वाले छात्रों को क्लास करने में दिक्कत नहीं आएगी. यूनिवर्सिटी के नाम की मार्कशीट और डिग्री मिल सकेगी.शुरुआत बीकॉम, बीबीए, बीए के साथ एमए और एमकॉम से होगी. प्रदेश में पहली बार किसी स्टेट यूनिवर्सिटी में स्कूल ऑफ डिस्टेंस एजुकेशन में पार्ट टाइम कोर्स शुरू होंगे. तीन साल के इस विशेष कोर्स की क्लासेस सिर्फ रविवार को लगेंगी.

ऐसा इसलिए संभव हुआ

पिछले साल नवंबर में NAAC (नेशनल असेसमेंट एंड एक्रिडिटेशन काउंसिल) ने ए प्लस ग्रेड प्रदान की थी. उससे यूनिवर्सिटी को यहां डिस्टेंस मोड पर परंपरागत कोर्स चलाने का अधिकार मिल गया.

12वीं के बाद प्रवेश, फीस व समय जल्द होंगे तय

इस कोर्स में प्रवेश 12वीं की मेरिट के आधार पर होगा. अभी फीस और क्लास का समय तय नहीं हुआ है. पहले दौर में 60 सीटों पर प्रवेश होगा. कोर्स के लिए DAVV ही स्टडी मटेरियल उपलब्ध करवाएगी. रजिस्ट्रार अनिल शर्मा के अनुसार तैयारी हो चुकी है. प्रयास है कि सत्र 2021-22 से यह कोर्स शुरू हो जाए.

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