जयपुर: सप्ताह में दो दिन लॉकडाउन, शेष दिन बाजार बंद की समय- सीमा हो तय

Smart News Team, Last updated: Sat, 26th Sep 2020, 7:45 PM IST
  • जयपुर. राजधानी में बढ़ते कोरोना संक्रमण और बीमारी की चेन तोड़ने के लिए शहर के व्यापारी एकजुट हो रहे हैं. व्यापार मंडल के पदाधिकारियों और जिला कलक्टर की शुक्रवार को बैठक हुई. जिसमें पदाधिकारियों ने शहर में सप्ताह में दो दिन लॉकडाउन लगाने मांग की.
प्रतीकात्मक तस्वीर 

जयपुर। राजधानी में बढ़ते कोरोना संक्रमण और बीमारी की चेन तोड़ने के लिए शहर के व्यापारी एकजुट हो रहे हैं. व्यापार मंडल के पदाधिकारियों और जिला कलक्टर की शुक्रवार को बैठक हुई. जिसमें पदाधिकारियों ने शहर में सप्ताह में दो दिन लॉकडाउन लगाने और शेष दिन बाजारों के बंद करने का समय निर्धारित करने की मांग की. व्यापारियों ने डीएम अंतर सिंह नेहरा से कहा कि संक्रमण पर बीमारी को काबू करने के लिए कम से कम 10 दिन का लॉकडाउन जरूरी है. ऐसे में प्रशासन अपने स्तर पर हस्तक्षेप कर लॉकडाउन लगवाकर पालना कराए.

इस दौरान व्यापार मंडल पदाधिकारियों ने जिला अधिकारी को जयपुर व्यापार मंडल की ओर से मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन सौंपा. जिसमें बताया कि लॉकडाउन नहीं लगाया गया तो दिवाली तक शहर में कोरोना संक्रमण की स्थिति गंभीर होगी. रोज सैकड़ों मरीज सामने आ रहे हैं. बाजारों में भी दुकानदार और लोगों की ओर से गाइडलाइन की पालना नहीं की जा रही है.ऐसे में दिवाली के त्योहार पर व्यापारियों को भारी नुकसान उठाना पड़ सकता है.

व्यापारियों ने कहा बाजारों में अवकाश व्यवस्था लागू हो

बैठक में व्यापार मंडल पदाधिकारियों ने कहा कि जिला प्रशासन की ओर से ऐसी व्यवस्था की जाए कि शहर के बाजारों में सप्ताह में एक दिन का अवकाश हो. ऐसे में व्यापारी उस दिन खुद ही दुकान नहीं खोलेंगे. पदाधिकारियों ने कहा कि शहर में 90 फीसदी व्यापारी कोरोना को रोकने के लिए लॉकडाउन के समर्थन में है, लेकिन 10 फीसदी दुकानदार अपनी दुकानें खोल लेते हैं, इससे सख्ती से पालना नहीं हो सकती.

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कलक्टर ने कहा स्वैच्छिक लॉकडाउन पर पाबंदी नहीं

जिला अधिकारी अंतर सिंह नेहरा ने कहा कि शहर में अगर व्यापारी मिलकर स्वैच्छिक लॉकडाउन चाह रहे हैं तो किसी तरह की पाबंदी नहीं है. जिला प्रशासन अपने स्तर से लॉकडाउन के आदेश जारी नहीं कर सकता. इसके लिए सरकार से राय लेनी होगी. डीएम ने कहा कि व्यापारी मिलकर अगर कोई निर्णय लेते हैं तो जिला प्रशासन सहयोग करेगा.

 

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