खाद की कमी से हाहाकार, ज्यादा खरीद करने वाले किसानों की जांच करेगा कृषि विभाग

Shubham Bajpai, Last updated: Wed, 3rd Nov 2021, 2:53 PM IST
  • उत्तर प्रदेश में उर्वरक की कमी के बीच अब कृषि विभाग ऐसे किसानों पर सख्ती की तैयारी कर रहा है. जिन्होंने मात्रा से अधिक उर्वरक की खरीदी की है. विभाग ने इसके लिए सितंबर से अक्टूबर में मात्रा से अधिक उर्वरक खरीदने वाले 20 किसानों को चिन्हित किया है और अब इन किसानों की जांच कराई जाएगी.
उर्वरक कमी के बीच कृषि विभाग की सख्त, ज्यादा खरीदी करने वाले 20 किसानों की जांच

कानपुर. प्रदेश में उर्वरक की कमी को लेकर हाहाकार मचा हुआ है. कई जगह उर्वरक न मिलने की वजह से फसल बुआई में देरी हो रही है. वहीं, कई जगहों पर किसानों द्वार मात्रा से अधिक खाद खरीदने की शिकायत भी सामने आ रही हैं. जिसके चलते अब प्रदेश समेत कानपुर महानगर में कृषि विभाग ने ऐसे किसानों पर कार्रवाई की तैयारी कर ली है. विभाग ने 20 ऐसे किसानों को चिन्हित किया है. जिन्होंने सितंबर से अक्टूबर के महीने में जरूरत से अधिक मात्रा में उर्वरक की खरीद की है. अब इस मामले में इन किसानों को जांच करवाई जा रही है.

दाम अधिक होने की वजह से हो सकती जमाखोरी

जानकारी अनुसार, 1185 रुपये में मिलने वाली एनपीके की बोरी अब 1450 रुपये की हो गई है. जिसके चलते समिति में उर्वरक खरीदी करने वाले किसानों की लंबी लाइन लगी हुई है. ऐसे में अधिक मात्रा में उर्वरक खरीदने के मामलों को देखते हुए 20 किसानों की जांच कराई जा रही है. जिसके बाद विभाग किसान की जमीन और उर्वरक की जरूरत का सत्यापन कर अपनी रिपोर्ट अधिकारियों को भेजेगा.

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अब विक्रेता रखेंगे 10 बोरी से अधिक यूरिया लेने वाले किसानों का ब्योरा

जिला कृषि अधिकारी अमर सिंह ने बताया कि किसानों के साथ विक्रेताओं पर भी विभाग सख्ती करने जा रहा है. अब यदि कोई किसान 10 से अधिक यूरिया की बोरी ले रहा है तो ऐसे किसानों का विक्रेता निजी ब्योरा रखेंगे. किसानों को उनका रिकॉर्ड लेने के बाद ही उर्वरक दिया जाएगा. वहीं, कोई विक्रेता पाश मशीन के बिना खाद की ब्रिकी करते हुए पाया गया या कोई शिकायत आई तो जांच कर उसका लाइसेंस निलंबित कर दिया जाएगा.

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बता दें कि खाद की कमी का मामला खुद मुख्य सचिव देख रहे हैं. जिसमें कई अधिकारियों को मुख्य सचिव कार्यालय की ओर से नोटिस भी जारी कर दिया गया है. वहीं, अपर मुख्य सचिव कृषि डॉ. देवेश चतुर्वेदी के निर्देश पर संयुक्त कृषि निदेशक उर्वरक अनिल कुमार पाठक कानपुर देहात के अधिकारी को भी नोटिस जारी कर चुके हैं. साथ ही कई जिलों में खाद की कमी को लेकर जांच भी की जा रही है.

 

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