घरेलू नौकर, बाई, चौका-बर्तन वालों को मिलेगा आयुष्मान कार्ड, 5 लाख तक का इलाज मुफ्त

Sumit Rajak, Last updated: Tue, 16th Nov 2021, 10:00 AM IST
  • सबको इलाज की कड़ी में घरेलू नौकर और काम वाली बाइयां भी ‘आयुष्मान’ होगी. यूपी में ई श्रमिक पोर्टल में रजिस्ट्रेशन कराते घरेलू नौकर अब मुख्यमंत्री जन आयोग योजना से जुड़ जाएंगे. उन्हें और उनके परिवार को आयुष्मान भारत योजना की तरह एक हर साल 5 लाख तक का कैशलेस इलाज मिलेगा.
प्रतीकात्मक फोटो

कानपुर. सबको इलाज की कड़ी में घरेलू नौकर और काम वाली बांईया आयुष्मान होगी. यूपी में ई श्रमिक पोर्टल में रजिस्ट्रेशन कराते घरेलू नौकर अब मुख्यमंत्री जन आयोग योजना से जुड़ जाएंगे. उन्हें और उनके परिवार को आयुष्मान भारत योजना की तरह एक हर साल 5 लाख तक का कैशलेस इलाज मिलेगा. अभी तक इन्हें किसी भी तरह का लाभ नहीं मिल रहा था.

अहम बात है कि उनका आयुष्मान जैसी योजना में रजिस्ट्रेशन तक नहीं है. राज्य में  ई श्रमिक पोर्टल के जरिए रजिस्ट्रेशन कराने में घरेलू नौकरों की अलग रिपोर्ट बनेगी. चौका बर्तन करने वाली महिलाओं के लिए भी व्यवस्था होगी.इसी रिपोर्ट के आधार पर उन्हें मुख्यमंत्री जन आयोग योजना से जोड़ा जाएगा. घरेलू नौकरों के बाद असंगठित कामगारों को भी इस योजना से जोड़ा जाएगा. माना जा रहा है कि प्रदेश में इस तरह के कामगारों की संख्या 4.5 करोड़ के लगभग है. इन सभी को हर साल 5 लाख तक का फ्री हेल्थ बीमा मिलेगा.

कानपुरः बिना केस 26 साल से चली आ रही हिस्ट्रीशीट, गोलमोल रिपोर्ट दे रही UP पुलिस

सीएम जन आयोग योजना के तहत स्टेट एजेंसी फॉर कपड़े फैंसी हेल्थ एंड इंटीग्रेटेड सर्विसेज के अधिकृत सरकारी और निजी अस्पतालों में प्रति परिवार 5 लाख  तक प्रति वर्ष इलाज की फ्री सुविधा देने की पहल की गई है. साचीज में सीजीएचएस की तर्ज पर 1003 सरकारी तो 1504 निजी अस्पताल सुबह में पैनल में शामिल किए गए है.

अपर श्रमायुक्त कानपुर परिक्षेत्र एसपी शुक्ला का कहना है कि श्रमिक पोर्टल पर जिनका रजिस्टर्ड होगा उन्हें ही आयुष्मान की तरह ही मुख्यमंत्री जन आयोग योजना से जोड़ा जाएगा. रजिस्ट्रेशन होने के बाद कैशलेस इलाज साचीज के पैनल हॉस्पिटल में मिलेगा. घरेलू नौकर सर्वाधिक उपेक्षित रहते हैं इसलिए उन पर ज्यादा फोकस किया जा रहा है.

 

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें