कानपुर: 18.25 प्रतिशत परिक्षार्थियों ने नहीं दिया जेईई मेन्स का एग्जाम

Smart News Team, Last updated: 07/09/2020 09:29 AM IST
  • जेईई-मेन परीक्षा 1 से 6 सितंबर के बीच आयोजित हुई. छह दिनों तक चले पेपर में 18.25 फीसदी परिक्षार्थियों ने परीक्षा नहीं दी. कानपुर नगर में 11,812 लोगों को पेपर देना था लेकिन इनमें से 9644 ने ही पेपर दिए.
कानपुर: 18.25 प्रतिशत परिक्षार्थियों ने नहीं दिया जेईई मेन्स का एग्जाम

कानपुर. देश में इंजीनियरिंग कॉलेजों में दाखिले के लिए अखिल भारतीय इंजीनियरिंग प्रवेश (जेईई मेन) परीक्षा होती है, यह पेपर इस साल सितंबर की एक तारीख को शुरू हुआ था जो कि रविवार (6 सितंबर) को खत्म हुआ. छह दिनों तक चले पेपर में 18.25 फीसदी परिक्षार्थियों ने परीक्षा नहीं दी और कानपुर नगर से 11,812 लोगों को पेपर देना था लेकिन इनमें से 9644 ने ही एग्जाम दिया.

पनकी सेंटर पर परीक्षा देने आए छात्रों ने कहा कि सुबह की पाली में फिजिक्स काफी कठिन थी और मैथ्स सामान्य लेकिन केमिस्ट्री आसान रही. कोचिंग संस्थानों से जुड़े विशेषज्ञों का भी कहना है कि हर दिन की तरह फिजिक्स थोड़ी मुश्किल रही. मैथ्स ठीक-ठाक और केमिस्ट्री का पेपर हर दिन की तरह आज भी आसान था.

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पहले दिन बैचलर ऑफ आर्किटेक्चर कोर्सेस (बीआर्क) और बीप्लानिंग में 39 प्रतिशत ने परीक्षा नहीं दी और आखिरी दिन रविवार को 36.19 फीसदी ने पेपर नहीं दिए. कोरोना वायरस के खतरे को देखते हुए कई छात्र परीक्षा देने नहीं आए और वैसे काफी कम परिक्षार्थियों के सेंटर कानपुर नगर में थे. नगर के छह ऑनलाइन सेंटरों पर दो शिफ्टों में परीक्षाएं आयोजित हुई थी. इन सेंटरों पर पेपर का संचालन निजी एजेंसी कर रही थी.

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परीक्षा सेंटर पर कोविड-19 को मद्देनजर रखते हुए तमाम दिशा-निर्देश का पालन करवाया गया. सामाजिक दूरी से लेकर परिक्षार्थियों का तापमान सामान्य से अधिक न हो. अच्छी बात यह रही कि इन सेंटरों जो भी बच्चे परीक्षा देने आए उनका तापमान सामान्य से अधिक नहीं था. थ्री लेयर मास्क संस्थान की ओर से दिए गए.

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