किसानों के समर्थन में मायावती बोलीं- कृषि कानूनों पर केन्द्र सरकार करें पुनर्विचार

Smart News Team, Last updated: Sun, 29th Nov 2020, 12:14 PM IST
  • किसान आंदोलन और तीन नए कृषि कानूनों को लेकर बसपा सुप्रीमो मायावती ने कहा कि पूरे देश में किसान काफी आक्रोशित व आन्दोलित भी हैं. इन कानूनों पर केन्द्र सरकार अगर पुनर्विचार कर ले तो बेहतर है.
बसपा प्रमुख मायावती ने किसानों के आंदोलन को समर्थन दिया.

लखनऊ. केंद्र सरकार के तीन नए कृषि कानूनों के खिलाफ देशभर में चल रहे किसानों के आंदोलन को बहुजन समाज पार्टी (बसपा) सुप्रीमो मायावती का साथ मिल गया है.  मायावती ने किसान आंदोलन का समर्थन करते हुए कहा कि पूरे देश में किसान काफी आक्रोशित व आन्दोलित भी हैं. मायावती ने केंद्र सरकार को नसीहत देते हुए कहा कि इन कानूनों पर केन्द्र सरकार अगर पुनर्विचार कर ले तो बेहतर है.

मायावती ने रविवार की सुबह 8 बजे ट्वीट कर कहा कि केन्द्र सरकार द्वारा कृषि से सम्बन्धित हाल में लागू किए गए तीन कानूनों को लेकर अपनी असहमति जताते हुए पूरे देश में किसान काफी आक्रोशित व आन्दोलित भी हैं. इसके मद्देनजर, किसानों की आम सहमति के बिना बनाए गए, इन कानूनों पर केन्द्र सरकार अगर पुनर्विचार कर ले तो बेहतर.

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Farmers Delhi March Protest: राकेश टिकैत के नेतृत्व में किसान दिल्ली की ओर बढ़े

बता दें पंजाब, हरियाणा और यूपी के किसान हजारों की संख्या में दिल्ली में जाकर तीन नए कृषि काननूों का विरोध कर रहे हैं. अभी भी देश के कई हिस्सों से किसान दिल्ली के लिए कूच कर रहे हैं. 'दिल्‍ली चलो' मार्च के तहत पंजाब, हरियाणा और यूपी समेत देशभर के किसान दिल्ली की ओर कूच रहे हैं. वहां वे केंद्र सरकार द्वारा संसद के पटल से पारित हुए नए तीन कृषि कानूनों के खिलाफ प्रदर्शन कर रहे हैं. शुक्रवार को किसानों का कई जत्था दिल्ली के बुराड़ी में पहुंच गया है. शनिवार को किसान नेता राकेश टिकैत के नेतृत्व में यूपी के किसान दिल्ली के लिए कूच किए है. किसानों के आंदोलन और आक्रोश के बीच केंद्र सरकार में केंद्रीय कृषि मंत्री नरेंद्र सिंह तोमर ने किसानों को 3 दिसंबर को बातचीत करने के लिए बुलाया है.

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