अयोध्या राम मंदिर लैंड डील: प्रियंका गांधी ने की सुप्रीम कोर्ट से जांच की मांग, कहा- भक्तों के चंदे से बहुत बड़ा घोटाला

Smart News Team, Last updated: Thu, 23rd Dec 2021, 1:59 PM IST
  • उत्तर प्रदेश में विधानसभा चुनाव से पहले कांग्रेस लीडर प्रियंका गांधी ने अयोध्या में कथित राम मंदिर जमीन घोटाले की जांच सुप्रीम कोर्ट से कराने की मांग की है. प्रियंका गांधी ने कहा कि में बीजेपी की नरेंद्र मोदी और योगी आदित्यनाथ सरकार भक्तों द्वारा दिए गए चंदे की चोरी करने वालों को बचा रही है. 
अयोध्या में कथित जमीन घोटाले को लेकर प्रियंका गांधी बीजेपी सरकार पर बरसीं (फाइल फोटो)

लखनऊ: कांग्रेस महासचिव और यूपी प्रभारी प्रियंका गांधी ने अयोध्या में कथित राम मंदिर जमीन घोटाले के मामले में बीजेपी सरकार पर निशाना साधा है. प्रियंका ने गुरुवार को इस लैंड डील की जांच सुप्रीम कोर्ट से कराने की मांग की है. प्रियंका गांधी ने आरोप लगाए कि अयोध्या में राम मंदिर निर्माण के लिए दलितों की जमीनें हड़पी गईं. वहीं, कुछ जमीनें जो कम दाम की थीं, उन्हें ऊंचे दामों पर राम मंदिर ट्रस्ट को बेचा गया. ये देश के लाखों लोगों द्वारा भगवान राम के नाम पर दिए गए चंदे का दुरुपयोग है. प्रियंका गांधी ने कहा कि केंद्र की नरेंद्र मोदी और यूपी की योगी आदित्यनाथ सरकार चंदा चोरों को बचा रही है. बीजेपी के नेता धर्म, आस्था और विश्वास को बेचकर ‘‘मुनाफे की लूट’’ में लगे हुए हैं.

प्रियंका गांधी ने बताया कि अयोध्या में 15 नवंबर 2017 में 2.3 हेक्टेयर जमीन 2 करोड़ रुपये में बेची गई. 2021 में उसी जमीन का लगभग 10,000 वर्ग मीटर का हिस्सा राम मंदिर ट्रस्ट को 8 करोड़ रुपये में बेचा गया. RSS के पदाधिकारी और राम मंदिर ट्रस्ट के ट्रस्टी अनिल मिश्रा और अयोध्या के मेयर ऋषिकेश उपाध्याय इसके गवाह बने. इसके ठीक 19 मिनट बाद उसी जमीन का दूसरा करीब 12,000 वर्ग मीटर का हिस्सा महज 2 करोड़ रुपये में किसी रवि मोहन तिवारी को महज 2 करोड़ में बेच दिया गया. इसके ठीक 5 मिनट बाद रवि मोहन तिवारी ने इस जमीन को 18.5 करोड़ रुपये में ट्रस्ट को बेच दिया. 

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प्रियंका ने कहा कि योगी आदित्यनाथ सरकार इस मामले की जांच जिला अधिकारी स्तर पर कर रही है. जो कि बेबुनियाद है. इस ट्रस्ट को सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद बनाया गया. इस घोटाले में मेयर भी शामिल है. इसलिए जिला अधिकारी स्तर जांच करवाने से कोई फायदा नहीं है. इस मामले की जांच भी सुप्रीम कोर्ट के स्तर पर होनी चाहिए.

उन्होंने कहा कि योगी सरकार के अधिकारी और ट्रस्ट के पदाधिकारी सभी इस लूट में शामिल हैं. ये तो सिर्फ एक उदाहरण है, अयोध्या में कितने हजार करोड़ का घोटाला हुआ है, ये मालूम नहीं है. भगवान राम जिन्दगी भर सत्य के पथ पर चले, उनके नाम पर भ्रष्टाचार हो रहा है. ये देश की आस्था को ठुकरा रहे हैं. भक्तों की भावनाओं से खिलवाड़ हो रहा है.

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