कोरोना टीकाकरण की पर्ची घर पर पहुंचेगी,कब-कहां और कैसे मिलेगी वैक्सीन, जानें

Smart News Team, Last updated: 14/12/2020 12:08 PM IST
  • एएनएम, आशा वर्कर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को कोरोना वैक्सीन की पर्ची देंगे. पर्ची में कोविड-19 वैक्सीन किसको लगेगा, कहां लगेगा और किस समय कोरोना वैक्सीन लगवाने के लिए केंद्र पर पहुंचना होगा, इसकी जानकारी होगी. 
कोरोना टीकाकरण की पर्ची घर पर एएनएम, आशा वर्कर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता पहुचाएंगे.

लखनऊ. यूपी में कोरोना संक्रमण से बचाव के लिए प्रदेश सरकार की तैयारियां युद्धस्तर पर जारी हैं. एएनएम, आशा वर्कर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को जानकारी वोटर स्लिप की तरह पर्ची के जरिए देंगे कि कोविड-19 वैक्सीन किसको लगेगा, कहां लगेगा और किस समय कोरोना वैक्सीन लगवाने के लिए केंद्र पर पहुंचना होगा. पर्ची में कोरोना वैक्सीन लगवाने वाले के नाम के साथ पूरी जानकारी शामिल रहेगी. 

यूपी सरकार कोरोना वायरस से बचाव के लिए वैक्सीनेशन की तैयारी में जुटी हैं. सुरक्षित वैक्सनेशीन कराने के लिए प्रदेश सरकार लाभार्थियों की लिस्ट बना रही है. बताया जा रहा है कि सबसे पहले स्वास्थ्यकर्मियों को कोरोना वैक्सीन लगाया जाएगा, इसके लिए एक हजार टीकाकरण केंद्र बनाए जा रहे हैं. 

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कोरोना से लड़ने वाले फ्रंटलाइन वर्करों के लिए प्रदेश में 2 हजार टीकाकरण केंद्र बनाए जा रहे हैं, जबकि 50 साल की उम्र से अधिक लोगों के लिए तीन हजार टीकाकरण केंद्र बनाए जा रहे हैं. टीकाकरण से जुड़े सभी जानकारी ब्लॉक स्तर पर कंप्यूटर में दर्ज किया जा रहा है. 

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बताया जा रहा है कि लाभार्थियों का नाम, पता, उम्र और मोबाइल नंबर बनाई जा रही लिस्ट में शामिल किया जा रहा है. इसी डाटा के आधार पर एएनएम, आशा वर्कर और आंगनबाड़ी कार्यकर्ता घर-घर जाकर लोगों को वैक्सीनेशन के बारे में जानकारी देंगी. साथ ही कोरोना काल में किए गए सर्वे का प्रयोग के डाटा का भी इस्तेमाल किया जा रहा है. 

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यूपी में 1,72,724 इलाकों के 3,02,87,276 घरों में सर्विलांस किया गया है. इन घरों में 14,77,02,118 लोग रहते हैं. इन लोगों को डाटा ब्लॉक स्तर पर कंप्यूटर में दर्ज किया जा रहा है. जब लोगों को कोरोना वैक्सीन लगाया जाएगा, तब उनके मोबाइल फोन पर इसका मैसेज भी आएगा. 

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