भर्ती के दौरान लाखों आवेदनों से मिल सकेगी मुक्ति

Smart News Team, Last updated: 22/11/2020 04:12 PM IST
  • UPSSSC पीईटी के आधार पर शार्टलिस्ट अभ्यार्थियों के लिए विभागीय जरूरतों और संबंधित सेवा नियमावलियों के अनुसार मुख्य परीक्षा और कौशल परीक्षा साथ शारीरिक परीक्षा का आयोजन करेगा.
(प्रतीकात्मक फोटो)

लखनऊ: उत्तर प्रदेश में सभी सरकारी विभागों और निगमों में समूह ग के पदों पर भर्ती के लिए द्विस्तरीय परीक्षा प्रणाली के आदेश के बाद अब प्रारंभिक स्तर पर अभ्यार्थियों की स्क्रीनिंग के लिए सामूहिक परीक्षा आयोजित की जाएगी.

उत्तर प्रदेश अधीनस्थ सेवा चयन आयोग UPSSSC पीईटी के आधार पर शार्टलिस्ट अभ्यार्तियों के लिए विभागीय जरूरतों और संबंधित सेवा नियमावलियों के अनुसार मुख्य परीक्षा और कौशल परीक्षा साथ शारीरिक परीक्षा का आयोजन करेगा. इससे हर भर्ती में लाखों आवेदनों से मुक्ति मिलेगी. साथ ही संसाधनों का बेहतर उपयोग किया जा सकेगा.

इस कंपनी के माउथ वॉश ने किया दावा, कोरोना के किटाणु 99.99% करता है खत्म

गौरतलब है कि प्रदेश में समूह ग की भर्तियां अभी लिखित परीक्षा के आधार पर होती हैं. इस दौरान हर भर्ती में लाखों आवेदन आते हैं. जिसके चलते प्रदेश के अलग-अलग हिस्सों में एक्जाम कराने में करोड़ों खर्च होते हैं और भर्ती भी लंबी खिंचती हैं. प्रक्रिया को तेज करने के लिए आयोग ने स्क्रीनिंग परीक्षा का प्रस्ताव दिया था.

लखनऊ: कोरोना के बढ़ते मामलों के चलते स्वास्थ्य विभाग ने दोगुनी की सैंपलिंग

इसके तहत साल में एक बार प्रारंभिक अर्हता परीक्षा PET करवाई जाएगी. इस परीक्षा में मिले परसेंजट के आधार पर विभिन्न भर्तियों में खाली पदों के करीब 15 गुना अभ्यार्थी शार्टलिस्ट कर लिए जाएंगे, जिन्हें मुख्य भर्ती परीक्षा पास करनी होगी.

 

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें