वैक्सीन लगवाने से कतरा रहे ग्राम प्रधान, 494 में से अब तक केवल 97 ने लगवाया टीका

Smart News Team, Last updated: Fri, 11th Jun 2021, 8:11 AM IST
  • जिले में ग्राम प्रधान वैक्सीन लगवाने से कतरा रहे है. 494 प्रधानों में से अब तक सिर्फ 97 ने ही टीका लगवाया है. ग्राम प्रधान अलग-अलग बहाने देकर वैक्सीन लगवाने से बच रहे है. लेकिन अब जिला प्रशासन ने टीकाकरण के लिए सभी ग्राम प्रधानों की सूची तैयार कर ली है.
जिन्हें जागरुक करने की जिम्मेदारी, वह प्रधान ही नहीं लगवा रहे वैक्सीन (प्रतीकात्मक तस्वीर)

लखनऊ. जिन प्रधानों पर ग्रामीणों को वैक्सीन लगवाने के लिए जागरुक करने की जिम्मेदारी है, वे खुद ही टीका नहीं लगवा रहे है. राजधानी लखनऊ में 494 ग्राम पंचायतों के प्रधानों में से अब तक सिर्फ 97 ने ही वैक्सीन लगवाई है. इन प्रधानों से पीएम ने भी अपील की थी कि वे खुद वैक्सीन लगवाने के साथ ही ग्रामीणों को भी जागरुक करें. इसके बावजूद ग्राम प्रधान अलग-अलग बहाने देकर वैक्सीनेशन से बच रहे है. कोई स्लॉट न मिलने का बहाना कर रहा है तो कोई वैक्सीन खत्म होने का तर्क दे रहा है.

पंचायत चुनावों में अपनी जीत दर्ज कराने के बाद ग्राम प्रधान अब अपनी जिम्मेदारी निभाने से कतरा रहे है. इन प्रधानों को वैक्सीन लगवाने के लिए गांव की निगरानी समिति, सचिव, लेखपाल, बीडीयो सभी के बार-बार याद दिलाने के बावजूद केवल कुछ ही लोग टीका लगवाने के लिए केंद्रों तक गए है. लेकिन अब जिला प्रशासन प्रधानों पर सख्त होने जा रहा है. जिलाधिकारी अभिषेक प्रकाश ने बताया कि ग्राम प्रधानों की सूची तैयार की गई है. सभी का टीकाकरण होगा. उनसे कहा जा रहा है कि खुद टीका लगवाएं और गांव के लोगों को भी लगवाएं.

यूपी में तय समय से पहले मानसून की आहट से खिले किसानों के चेहरे

ग्राम प्रधानों का अपने गांव और आसपास के मजरों पर अच्छा प्रभाव होता है. गांव के लोग इन प्रधानों की बात मानते है. ग्रामीणों में कोरोना वैक्सीन को लेकर अलग-अलग तरह के भ्रम फैले हुए है. इन प्रधानों के वैक्सीन लगवाने से ग्रामीण भी टीका लगवाने के लिए जागरुक होंगे. लेकिन अगर गांव के प्रधान ही वैक्सीन नहीं लगवाएंगे तो ऐसे में ग्रामीण इलाकों में वैक्सीनेशन में सफलता पाना बेहद मुश्किल है. 

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें