बिना अनुमति शादी में शामिल होने पर सिपाहियों को मिली अनोखी सजा, जानें पूरा मामला

Smart News Team, Last updated: Fri, 28th May 2021, 7:38 AM IST
  • वाराणसी में अपने साथी सिपाही की शादी में बिना अनुमति के शामिल होने पर लखनऊ के तीन सिपाहियों को शुक्रवार सुबह 6 बजे पांच-पांच किलोमीटर की दौड़ लगाने की सजा दी गई है. डीसीपी पूर्वी संजीव सुमन ने तीनों को गुरुवार को यह अनोखी सजा सुनाई है.
तीन सिपाहियों को मिली पांच-पांच किलोमीटर दौड़ लगाने की अनोखी सजा (प्रतीकात्मक तस्वीर)

लखनऊ. गोमतीनगर थाने के तीन सिपाहियों को बिना अनुमति के वाराणसी में अपने साथी सिपाही की शादी में शामिल होने पर एक अनोखी सजा मिली है. गुरुवार को डीसीपी पूर्वी संजीव सुमन ने तीनों सिपाहियों को आदेश दिया है कि वे शुक्रवार सुबह छह बजे पुलिस लाइन पहुंचकर पांच-पांच किलोमीटर की दौड़ लगाए. डीसीपी पूर्वी का यह आदेश पुलिस डिपार्टमेंट में दिनभर चर्चा का विषय बना रहा.

29 अप्रैल को गोमतीनगर थाने के सिपाही लक्ष्मी नारायण, अनिल यादव और आशुतोष यादव अपने साथी सिपाही ओमकार पटेल की शादी में शामिल होने के लिए वाराणसी गए थे. लेकिन इसके लिए तीनों ने किसी अफसर से न ही अनुमति ली थी और न ही इस बारे में किसी को पता चलने दिया था. लेकिन शादी से लौटते वक्त गाड़ी के दुर्घटनाग्रस्त होने से आशुतोष घायल हो गया और उसने अपने इंस्पेक्टर से छुट्टी ले ली.

डीसीपी पूर्वी की ओर से तीनों सिपाहियों को दी गई सजा का आदेश पत्र

आशुतोष ने इंस्पेक्टर से बताया कि वह एक्सीडेंट में घायल हो गया है और अभी इलाज चलने के कारण वह ड्यूटी पर नहीं आ सकता. इस बारे में जब इंस्पेक्टर ने छानबीन की तो पता चला कि आशुतोष का एक्सीडेंट लखनऊ से बाहर हुआ है. जिसके बाद उसके शहर से बाहर जाने के बारे में पूछताछ करने पर तीनों के बिना अनुमति शादी में शामिल होने की बात सामने आई.

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इस बारे में जानकारी पाकर डीसीपी पूर्वी ने जांच के आदेश दिए. 22 मई को शुरू हुई जांच में तीनों पर लगे आरोप को सही पाया गया. जांच के लिए सिपाही ओमकार की शादी का वीडियो भी मंगवाया गया था. जिसमें तीनों शादी में मौज-मस्ती करते दिख रहे थे. जिसके बाद डीसीपी पूर्वी ने इन्हें 27 मई को सजा सुना दी.

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