UP की पंचायतों में चक्रानुक्रम आरक्षण पूरा, नए सिरे से सीटें हो सकती है आरक्षित

Smart News Team, Last updated: Fri, 8th Jan 2021, 3:43 PM IST
उत्तर प्रदेश की पंचायतों में चक्रानुक्रम आरक्षण पूरा हो चुका है. ऐसे में गावों में नए सिरे से सीटों आरक्षण तय हो सकता है. इसी वजह से कई उम्मीदवार अभी खुलकर सामने नहीं आ रहे हैं
उत्तर प्रदेश में आगामी पंचायत चुनावों के लिए सरगर्मियां तेज हो गई हैं.

लखनऊ. उत्तर प्रदेश में आगामी पंचायत चुनावों को लेकर सरगर्मियां तेज हो गई हैं. सीटों के आरक्षण को लेकर भी लोगों में चर्चा तेज है. इस वजह से कई संभावित उम्मीदवार अभी खुलकर प्रचार नहीं कर पा रहे हैं क्योंकि यदि आरक्षित सीट यदि उनके वर्ग की नहीं हुई तो उनकी मेहनत और पैसा दोनों ही खराब जाएंगे और वे चुनाव नहीं लड़ पाएंगे.

प्रदेश के पंचायती राज मंत्री चौधरी भूपेंद्र सिंह ने संकेत दिए हैं कि क्षेत्र और जिला पंचायत में चक्रानुक्रम आरक्षण पूरा होने पर नए सिरे से सीटों का आरक्षण तय किया जा सकता है. ने बताया कि साल 2015 में हुए पंचायत चुनाव में ग्राम पंचायतों का चक्रानुक्रम आरक्षण शून्य करके नए सिरे से आरक्षण तय किया जा सकता है. पिछले 5 दिनों से जिला और क्षेत्र पंचायत में चक्रानुक्रम आरक्षण ही चल रहा है.

CM योगी ने की COVID-19 को लेकर बैठक, लिया कोरोना वैक्सीन के तैयारियों का जायजा

2015 में प्रदेश में त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव कराने में सक्रिय भूमिका निभाने वाले पंचायती राज विभाग के सेवानिवृत्त वरिष्ठ अधिकारी राकेश चतुर्वेदी ने भी बताया कि क्षेत्र और जिला पंचायतों में चक्रानुक्रम आरक्षण पूरा हो चुका है इसलिए इन पंचायतों की सदस्य सीटों पर नए सिरे से आरक्षण का निर्धारण किया जा सकता है.

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें