UP में हजारों सरकारी स्कूलों के प्रिंसिपल को मिलेंगे टैबलेट, हाईटेक तरीके से होगी मॉनिटरिंग

Pallawi Kumari, Last updated: Mon, 20th Sep 2021, 9:19 AM IST
  • उत्तर प्रदेश के हजारों सरकारी हाईस्कूल / इंटर कॉलेजों के प्रधानाध्यापक को टैबलेट दिया जाएगा. इसके लिए लगभग 2 करोड़ रुपये खर्च किया जाएगा. टैबलेट प्रोवाइड होने के बाद मॉनिटरिंग करना आसान हो जाएगा और पढ़ाई की गुणवत्ता पर भी नजर रखी जा सकेगी.
सरकारी स्कूलों के प्रिंसिपल को मिलेंगे टैबलेट. फोटो साभार-हिन्दुस्तान

लखनऊ. प्रदेश के सरकारी हाईस्कूल / इंटर कॉलेजों को टैबलेट दिया जाएगा. प्रदेश में 2285 सरकारी स्कूल हैं, जिसमें 2204 सरकारी स्कूलों से इस योजना को शुरू किया जाएगा. टैबलेट को स्कूल या इंटर कॉलेज के प्रधानाध्याक को दिया जाएगा, जिससे की टाईटैक तरीके से मॉनिटरिंग करना आसान हो जाएगा. हर स्कूल या इंटर कॉलेज को प्रति टैबलेट 10 रुपये दिए जाएंगे. इसमें कुल 2 करोड़ का खर्च आएगा.

टैबलेट मिलने से स्कूल में होने वाले कई कामों में आसानी होगी. टेस्ट रिपोर्ट, लर्निंग आउटकम सहित यूपी बोर्ड परीक्षा के अपने स्कूल के रिजल्ट का विश्लेषण भी किया जा सकेगा. साथ ही अन्य कई तरह की जानकारियों का आदान-प्रदान कम समय में हो सकेगा. इस टैबलेट में स्कूलों की निगरानी से संबंधित सारे एप होंगे, जिससे कि मॉनिटरिंग करना आसान होगा. टैबलेट में जो भी डाटा होगा उसे राज्यस्तर पर देखा जा सकेगा.

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टैबलेट के जरिए यूपी बोर्ड परीक्षा के अपने स्कूल के रिजल्ट का विश्लेषण भी कर सकेगा. केंद्र सरकार ने परफार्मेंस ग्र्रेडिंग इण्डेक्स की शुरुआत की है और इसके तहत हर सरकारी स्कूलों में कई तरह की सुविधाएं दी जा रही हैं, जिसमें से टैबलेट भी एक है. आने वाले समय में यह लाभकारी साबित होगा. 

इससे पहले प्रदेश में प्राइमरी शिक्षा को लेकर सभी स्कूलों में टैबलेट देन का फैसला किया जा चुका है. 1,59,043 सरकारी स्कूलों और 880 खण्ड शिक्षा अधिकारियों सहित 4400 अकादमिक रिसोर्स पर्सन को भी टैबलेट दिए जाएंगे. इस योजना को लेकर दो साल पहले ही मंजूरी मिल गई थी, लेकिन कुछ तकनीकी दिक्कतों के कारण टैबलेट खरीद अभी तक नहीं हो पाई है।.

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