कबाड़ में गाड़ी बेचने के लिए लखनऊ में खुलेगा स्क्रैप डिपो, परिवहन विभाग ने दी मंजूरी

Sumit Rajak, Last updated: Sun, 20th Feb 2022, 10:26 AM IST
  • लखनऊ में खुलेंगे स्क्रैप डिपो, कोई भी अपने पुराने हो चुके वाहन को परिवहन विभाग के इस सुविधा केंद्र में बेच सकता हैं. इसके अलावा सुविधा केंद्र से जानकारी लेकर लोग अपने कबाड़ हो चुके वाहनों को भी यहां पर बेच सकते हैं. परिवहन विभाग ने सुविधा केंद्र को खोलने के लिए स्क्रैप पॉलिसी को मंजूरी दे दी है.
फाइल फोटो

 लखनऊ. परिवहन विभाग बहुत जल्द लखनऊ में कबाड़ हो रही गाड़ियों को बेचने के लिए सुविधा केंद्र खुलने जा रहा है. जिसके अंतर्गत कोई भी मालिक अपने पुराने हो चुके वाहन को परिवहन विभाग के इस सुविधा केंद्र में बेच सकता हैं. इसके अलावा सुविधा केंद्र से जानकारी लेकर लोग अपने कबाड़ हो चुके वाहनों को भी यहां पर बेच सकते हैं. परिवहन विभाग ने सुविधा केंद्र को खोलने के लिए स्क्रैप पॉलिसी को मंजूरी दे दी है. स्क्रैप डिपो खोलने के लिए वेबसाइट पर ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन शुरु कर दिया गया है.

ऑनलाइन रजिस्ट्रेशन में कोई व्यक्ति, फर्म, संस्था, ट्रस्ट अथवा शर्तों को पूरा करने वाले नेशनल सिंगल विंडो वेबसाइट www.ppe.nsws.gov.in/screppagepolicy पर जाकर आवेदन कर सकते हैं. स्क्रैप डिपो के लिए आवेदन करने से पहले आवेदनकर्ता को सौ रुपये के स्टाम्प पर चरित्र प्रमाण पत्र सहित अन्य जरुरी पत्रावलियों को अपलोड करना होगा.

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लखनऊ में स्क्रैप डिपो खोले जाने के फैसले पर अपर परिवहन आयुक्त देवेंद्र कुमार त्रिपाठी ने बताया कि भारत सरकार की अधिसूचना पर यूपी में स्क्रैपिंग सुविधा केंद्र को खोलने की अनुमति दे दी गई है. डिपो खोलने के लिए कुछ शर्तों के साथ लोगों को आमंत्रित किया गया है. इसके लिए 18 फरवरी को रजिस्ट्रेशन शुरु कर दिया गया है. स्क्रैप डिपो खुलने से परिवहन विभाग को भी फायदा होगा और कबाड़ हो चुके वाहनों की बार-बार मरम्मत में पैसे खर्च नही करने होंगे. इसके अलावा अनफिट वाहनों से होने वाले सड़क हादसों में भी कमी आएगी.

परिवहन विभाग की नीति के मुताबिक 20 साल पूरे कर चुके निजी वाहन अगर तीन बार फिटनेस टेस्ट में फेल हो जाते हैं तो उन्हें कबाड़ माना जाएगा. इसके अलावा 15 साल पूरे कर चुके व्यावसायिक वाहन अगर तान बार फिटनेस टेस्ट में फेल हो जाते हैं, तो उन्हें भी कबाड़ माना जाएगा. वहीं अपनी कबाड़ हो चूकी कार को बेचने पर गाड़ी की कुल किमत का छह फीसदी नकद पैसा मिलेगा.

 

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