धूम्रपान करने वाली महिलाएं हो जाएं सावधान, सर्वाइकल कैंसर का हो सकता है खतरा

Smart News Team, Last updated: Fri, 2nd Jul 2021, 11:28 AM IST
  • हाल में धू्म्रपान करने वाली महिलाओं को लेकर एक शोध किया गया है, जिसमें सामने आया है कि धू्म्रपान करने वाली महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर का खतरा ज्यादा हो सकता है. साथ ही इस शोध के काम में लखनऊ यूनिवर्सिटी से प्रो. मोनिशा बनर्जी का खास योगदान रहा है, जिन्होंने इस शोध से सभी को अवगत करवाया है.
धूम्रपान करने वाली महिलाओं को हो सकता है सर्वाइकल कैंसर का खतरा

धू्म्रपान करने वाली महिलाओं को अब सावधान हो जाने की जरूरत है. हाल में धू्म्रपान करने वाली महिलाओं को लेकर एकेटीयू के सेंटर फॉर एडवांस्ड स्ट्डीज के निदेशक प्रो. एम के दत्ता के नेतृत्व में सेंटर फॉर एडवांस्ड स्टडीज एवं लखनऊ विश्वविद्यालय द्वारा शोध किया गया है, जिसमें धू्म्रपान करने वाली महिलाओं को सर्वाइकल कैंसर होने का खतरा बताया है. सामने आ रही जानकारी में बताया है कि शोध में महिलाओं का धूम्रपान करना, नैदानिक, सामाजिक-जनसांख्यिकीय, प्रसूति संबंधी विशेषताओं और साइटोकाइन जीन बहुरूपता संबंधी कारण मिले हैं, जिनकी वजह से महिलाओं में सर्वाइकल कैंसर का खतरा काफी हद तक बढ़ जाता है. 

वहीं इस शोध कार्य में लखनऊ यूनिवर्सिटी से प्रो. मोनिशा बनर्जी का खास योगदान रहा है. इसके अलावा इस शोध में अपना योगदान देने वाले प्रो. एमके दत्ता ने इस बारे में बताया है कि सर्वाइकल कैंसर एक बेहद ही घातक बीमारी है जो दुनिया भर में लाखों महिलाओं के स्वास्थ्य को प्रभावित कर क्षती पहुंचाती है. इस अलावा वो बताते हैं कि साल 2018 में केवल भारत में लगभग 96,922 महिलाओं में सर्वाइकल कैंसर पाया गया था, जिनमें से करीब 62% से ज्यादा महिलाओं की मौत हो गई. इसके अलावा लगभग 85% नए मामले सामने आ रहे हैं. 

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इतना ही नहीं उनका कहना है कि सर्वाइकल कैंसर जैसी घातक बीमारियों के लिए तत्काल इलाज और तेजी से जांच के लिए नए तरीके खोजने की जरूरत है, जिससे की इसकी शुरुआत से पता चलने पर इसको समय रहते खत्म किया जा सकता है. बता दें कि प्रो. दत्ता ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस आधारित इस शोध के इस्तेमाल से सर्वाइकल कैंसर के जोखिम का आसानी से पूर्वानुमान किया जा सकता है.

रिर्सच में शामिल महिलाओं की संख्या

- 492 महिलाओं पर रिसर्च हुई, जिसमें 246 महिलाएं सर्वाइकल कैंसर पीड़ित

सर्वाइकल कैंसर के मिले प्रमुख कारण

-धूम्रपान की आदत

-सामाजिक-जनसांख्यिकीय

-कम उम्र में गर्भधारण

-बेढ़प जीवनशैली

-साइटोकाइन जीन बहुरुपता

-प्रसुति सम्बंधी विशेषाताएं

- सर्वाइकल कैंसर से 44 से 67 साल की महिलाएं ज्यादा प्रभावित

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