लखनऊ: पितृ पक्ष आज से शुरु, इन जरूरी तारीखों का रखें ध्यान

Smart News Team, Last updated: 02/09/2020 11:30 AM IST
  • पितृ पक्ष आज से शुरु हो रहा है. पंडितों के मुताबिक इस बार पितृ पक्ष में तीन गुरुवार पड़ने के कारण बेहद ही अद्भुत संयोग बन रहा है. 
तर्पण

लखनऊ: आज से पूर्वजों को समर्पित पितृ-पक्ष की शुरुआत हो चुकी है. पितृ पक्ष में लोग अपने स्वर्गवासी माता-पिता व अन्य पितरों की सुख शांति के लिए पूजा अर्चना करते हैं. आश्विन मास के कृष्ण पक्ष को पितृपक्ष के रूप में माना जाता है.  सनातन धर्म में पितृ पक्ष का विशेष महत्व है. 

पितृ पक्ष को हम श्राद्ध पक्ष के भी नाम से जानते हैं. वैदिक धर्म में पितरों को देव स्वरूप बताया गया है. इसमें अपने पितरों की आत्मा की शांति के लिए श्राद्ध तर्पण क्रिया आदि किया जाता है. ज्योतिषाचार्यों के अनुसार जिस जातक की कुंडली में पितृदोष हो, वो पतृ पक्ष में अपने पूर्वजों का श्राद्ध तर्पण करके पितृदोष को शांत कर सकता है. इसके साथ ही आपको बता दें कि श्राद्ध कोई पाखंड नहीं बल्कि इंसान का मौलिक धर्म है. पूरी श्रद्धा भाव के साथ पितरों के प्रति किया गया तर्पण परम सुख देने वाला होता है. 

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इस वर्ष के पितृपक्ष को विशेष मान्यता दी जा रही है. यह पक्ष पूरे 15 दिनों का है. बुधवार  को दिन में 9:33 तक  पूर्णिमा  तिथि  रहेगी. उसके बाद  प्रतिपदा का श्राद्ध मनाया जाएगा. अगर देखा जाए तो पूर्ण रूप से तीन सितंबर से पितृपक्ष  प्रारंभ होकर यह पक्ष 17 सितंबर गुरुवार को ही समाप्त हो रहा है. इसके साथ ही इस बार तीन गुरुवार का पड़ना भी अत्यंत शुभ फल कारक माना जा रहा है. अपने पूर्वजों के लिए पंचमी का श्राद्ध श्रद्धालु सात सितंबर को करेंगे. मातृ नवमी का श्राद्ध 11 सितंबर को मनाया जाएगा. चतुर्दशी का श्राद्ध  16 सितंबर को होगा. 17 सितंबर गुरुवार के दिन अमावस्या का श्राद्ध पूर्ण मनोयोग के साथ मनाया जाएगा. इसी के साथ यह श्राद्ध पक्ष समाप्त हो जाएगा.

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