उत्तर रेलवे ने 7011 मीट्रिक टन कबाड़ बेचकर कमाए 17.34 करोड़ रुपये

Smart News Team, Last updated: Tue, 5th Jan 2021, 10:17 AM IST
  • रेल मंत्रालय ने देशभर के 73 मंडलों के रेल प्रबंधकों को स्क्रैप निस्तारण के लिए निर्देश दिए थे, उत्तर रेलवे लखनऊ मंडल ने ई-ऑक्शन से बेहतरीन प्रदर्शन करते हुए सबसे ज्याद कमाई की है।
फाइल फोटो

लखनऊ : लॉकडाउन में भले ही रेलवे ने यात्रियों से कमाई न की हो, लेकिन उसने अपना कबाड़ बेचकर करोड़ों रुपये अर्जित कर लिए हैं। खासकर उत्तर रेलवे के लखनऊ मंडल ने  इस साल 7011.694 मीट्रिक टन स्क्रैप निरस्तारित कर 17.34 करोड़ कमाई की है। रेल मंत्रालय ने देश भर के 73 मंडलों के मंडल रेल प्रबंधकों को उनके मंडल में सैकड़ों जगहों पर पड़े स्क्रैप के निस्तारण की जिम्मेदारी सौंपी थी। इसके लिए रेलवे बोर्ड ने भारतीय रेल ई-प्रोक्योरमेंट सिस्टम के र्पोटल पर ई-ऑक्शन करवाने का जिम्मा दिया था। यह जिम्मेदारी मंडल के भंडार डिपार्टमेंट को दी गई थी।

लखनऊ यूनिवर्सिटी की परीक्षाएं 15 से

सीनियर डीसीएम जगतोष शुक्ल ने बताया कि डीआरएम  संजय त्रिपाठी ने इंजिनियरिंग व कई अन्य विभागों के अफसरों को मंडल के रेलखंडों व आसपास के स्टेशनों पर पड़े स्क्रैप को निकलवाकर उनका ई-ऑक्शन करवाया। जिससे वर्ष 2020-21 में  7011.694 मीट्रिक टन स्क्रैप की ब्रिकी की जा सकी। इससे एनआर ने 17.34 करोड़ का राजस्व भी अर्जित किया है।

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें