रैपिड मैट्रो परियोजना के लिए यूपी और केंद्र सरकार में एमओयू होगा हस्ताक्षर

Smart News Team, Last updated: Sun, 27th Sep 2020, 3:11 PM IST
यूपी सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक को पत्र भेज दिया है. इस परियोजना का उद्देश्य है कि दिल्ली, गाजियाबाद और मेरठ के बीच तेज गति से ट्रेन चलाई जाए. इस परियोजना के चलते एनसीआर के बीच चलने वाले यात्रियों को काफी सुविधा होगा.
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लखनऊ. दिल्ली,गाजियाबाद और मेरठ रैपिड मैट्रो रेल का अनावरण कर दिया गया है. इस परियोजना को और तेजी लिए यूपी सरकार ने केंद्र सरकार की शर्तों के आधार पर एमओयू पर हस्ताक्षर करेगा. यूपी सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक को पत्र भेज दिया है. इस परियोजना के लिए केंद्र सरकार और राज्य सरकार में एमओयू के हस्ताक्षर करना जरूरी है. 

राज्य सरकार में आवास विभाग प्रमुख सचिव दीपक कुमार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र के परिवहन निगम के प्रबंध निदेशक को पत्र लिखा है इसमें निदेशक ने एमओयू को उपलब्ध करावाए जाने की मांग की गई है. प्रमुख सचिव राज्य सरकार की तरफ से इस पर पहले हस्ताक्षर करेंगे जिन्हें राज्य के लिए अधिकृत किया गया है. उनके हस्ताक्षर किए जाने के बाद इसे पुन: केंद्र सरकार को वापस भेजा जाएगा. आवास विभाग का कहना है कि इस एमओयू पर हस्ताक्षर होने के बाद रैपिड रेल परियोजना में काफी तेजी आएगी.

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केंद्र सरकार ने राष्ट्रीय राजधानी क्षेत्र में रीजनल रैपिड ट्रांजिट सिस्टम (आरआरटीएस) परियोजना शुरू की है. इस परियोजना का उद्देश्य है कि दिल्ली, गाजियाबाद और मेरठ के बीच तेज गति से ट्रेन चलाई जाए. इस परियोजना के चलते एनसीआर के बीच चलने वाले यात्रियों को काफी सुविधा होगा. इस परियोजना शर्तें है कि केंद्र सरकार और यूपी सरकार के बीच एमओयू होना जरूरी है. इसके लिए केंद्र सरकार के आवासीय और शहरी कार्य मंत्रालय ने कैबिनेट फैसले के अनुसार इस पर हस्ताक्षर कर दिया है. इस पर अब यूपी सरकार को हस्ताक्षर करने बाकी हैं जिसके लिए राज्य सरकार ने भी कवायदाद शुरू कर दी है. अब दोनों में सेवा शर्तें तय होगी.

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