मेरठ: माधवपुरम ग्रीनबेल्ट के अतिक्रमण पर चली नगर निगम की जेसीबी

Smart News Team, Last updated: Tue, 2nd Feb 2021, 8:02 PM IST
  • मेरठ नगर निगम ने हाल ही माधवपुरम ग्रीनबेल्ट पर फैले अतिक्रमण पर नगर आयुक्त के निर्देश पर प्रवर्तन दल की टीम ने सोमवार दोपहर यहां अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया. हालांकि, लोगों ने इसका थोड़ा विरोध किया, लेकिन निगम टीम ने जेसीबी चलाकर अतिक्रमण हटा दिया.
अतिक्रमण पर चली नगर निगम की जेसीबी (प्रतीकात्मक तस्वीर)

मेरठ नगर निगम ने हाल ही में बड़ा कदम उठाते हुए माधवपुरम ग्रीनबेल्ट पर फैले अतिक्रमण पर जेसीबी चलवा दी. हालांकि, लोगों ने इसका थोड़ा विरोध किया, लेकिन निगम टीम ने जेसीबी चलाकर आखिरकार अतिक्रमण हटा दिया. इसके अलावा टीम ने माधवपुरम ग्रीन बेल्ट के सौंदर्यीकरण का प्रस्ताव भी नगर आयुक्त को भेज दिया है. कुछ लोगों ने नगर निगम टीम पर भेदभाव के आरोप भी लगाए.

बता दें, दिल्ली रोड से माधवपुरम जा रही मुख्य सड़क के नाले किनारे ग्रीन बेल्ट छोड़ी गई है, लेकिन इस ग्रीन बेल्ट पर लोगों ने कब्जा कर लिया और अपने छोटे-छोटे धंधे शुरू कर दिए थे. कुछ लोगों ने डेयरी संचालित कर ली तो कुछ ने नर्सरी की आड़ में अस्थायी घर भी बना लिए. ऐसे में इस ग्रीन बेल्ट पर गंदगी का अंबार लगा हुआ था. आसपास रहने वाले लोगों ने कई बार इसकी शिकायत नगर निगम अफसरों की थी.

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जिसके बाद नगर आयुक्त के निर्देश पर प्रवर्तन दल की टीम ने सोमवार दोपहर यहां अतिक्रमण हटाने का अभियान चलाया. टीम ने जेसीबी की मदद से ग्रीन बेल्ट पर संचालित हो रही एक डेयरी और चार स्थायी कब्जों को हटाया. इसके अलावा टीम ने यहां रखे दो लोहे के खोके तोड़े गए और नाला पटरी पर रखे जेनरेटर को भी उठा लिया. टीम ने यहां ग्रीन बेल्ट पर बने जानवरों के बाड़े भी तोड़े.

हालांकि, टीम की सख्ती को देखकर कई लोगों ने खुद ही अपने अतिक्रमण हटा लिए. हालांकि, इस दौरान कुछ लोगों ने टीम पर भेदभाव करने के आरोप भी लगाए. इस मामले में प्रवर्तन दल अधिकारी सेवानिवृत्त कर्नल राजकुमार बालियान ने बताया कि आरोप बेबुनियाद है. नर्सरी संचालन को नगर निगम से अनुमति है और इसका किराया निगम में जमा होता है. नर्सरी संचालक के अवैध निर्माण को ध्वस्त कर दिया है.

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