प्रमुख सचिव ने किया आग्राह, निजी अस्पतालों पर कसा जाए कोविड प्रोटोकॉल का शिकंजा

Smart News Team, Last updated: 21/11/2020 02:28 PM IST
  • मेरठ: देश में सर्दियों के शुरू होते ही लगातार कोरोनावायरस संक्रमण दोबारा फैल रहा है. जिसको देखते हुए प्रशासन ने भी अब कमर कस ली है. मेरठ और आसपास के क्षेत्रों में भी कोरोना से संक्रमितों का आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है.
मेरठ में लगातार कोरोनावायरस संक्रमण दोबारा फैल रहा है

मेरठ: देश में सर्दियों के शुरू होते ही लगातार कोरोनावायरस संक्रमण दोबारा फैल रहा है. जिसको देखते हुए प्रशासन ने भी अब कमर कस ली है. मेरठ और आसपास के क्षेत्रों में भी कोरोना से संक्रमितों का आंकड़ा लगातार बढ़ रहा है. मेडिकल कॉलेज में इस खतरनाक संक्रमण से मौत की दर 22 फीसदी बनी हुई है, जो काफी चिंता का विषय है. इसकी एक वजह यह भी है कि निजी अस्पतालों से मरीजों को देर से रेफर किया जा रहा है. जिसके कारण लगातार कोरोना से मौत हो रही हैं.

इस मामले को लेकर प्रमुख सचिव आलोक कुमार ने अक्टूबर और नवंबर में मेडिकल के कोविड केंद्र में हुई मौतों की पड़ताल की,और आगाह किया कि प्रोटोकॉल का पालन ना करने वाले निजी अस्पतालों पर शिकंजा कसा जाए. शासन की टीम निजी अस्पतालों के साथ मीटिंग कर कोरोना से निपटने का ठोस प्लान भी बनाएंगी.

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प्रमुख सचिव आलोक कुमार ने माना कि मेडिकल कालेज-एल3 केंद्र में ऐसे मरीजों की संख्या ज्यादा है, जिनका लंबे समय तक निजी अस्पतालों में इलाज चला. तबीयत में सुधार ना होने पर मेडिकल कालेज भेजा गया, जहां पहुंचने तक मरीज की स्थिति बेहद गंभीर हो गई. 90 फीसद मरीज निजी अस्पतालों से रेफर किए गए हैं. घर पर इलाज करने से संक्रमण लंग्स में फैल गया.

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