मेरठ: प्रदेश सरकार ने मंडी समिति शुल्क को दो फीसदी से घटाकर एक फीसदी किया

Smart News Team, Last updated: 28/11/2020 12:04 PM IST
  • योगी सरकार ने मंडी में वसूले जाने शुल्क को दो फीसदी से घटाकर एक फीसदी कर दिया है. सरकार के इस फैसले से खुश मेरठ व्यापारियों ने सरकार का शुक्रिया अदा किया है. व्यापारियों का कहना था, दो मंडी शुल्क दो फीसदी वसूले से व्यापारी लगातार घाटा हो रहा था. जिससे अब राहत मिलने की उम्मीद है.
मंडी समिति शुल्क दो फीसदी से घटाकर एक फीसदी किया गया

मेरठ: कृषि उत्पादन मंडियो में सरकार के आदेश के बाद भी दो फीसदी मंड़ी शुल्क वसूल किया जा रहा है. व्यापारियों के बढ़े हुए शुल्क के खिलाफ प्रर्दशन किया है जिसके बाद मंड़ी शुल्क को दो फीसदी से एक फीसदी कर दिया गया है. व्यापारियों ने शुल्क को एक फीसदी करने पर सरकार को शुक्रिया अदा किया है. किसानों ने कहा है कि इससे व्यापारियों को राहत मिलेंगी.

शुल्क कम करने के बाद मेरठ व्यापार नेता लोकेश अग्रवाल ने कहा, दो फीसदी शुल्क देनें के बाद व्यापारी बर्बादी की कगार पर पहुंच गये थे. सरकार के फैसले के बाद अब मंडी व्यापारियों का घाटा कुछ कम हो जाएगा. जिससें उन्हें अपना व्यापार बचाने में मदद मिलेंगी. राज्य के कृषि उत्पादन मंडी परिषद उत्तर प्रदेश के निदेशक जितेंद्र प्रताप सिंह ने आदेश जारी कर दिया. सिहं ने कहा कि मंडी स्थल पर विक्रय किए गए कृषि उत्पाद के मूल्य का अब एक प्रतिशत शुल्क ही व्यापारी से वसूला जाएगा.

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वही दिल्ली रोड़ स्थित नवीन मंडी के अध्यक्ष मनोज गुप्ता, सब्जी मंडी महामंत्री सरफराज अंसारी, फल मंडी अध्यक्ष हाजी इरशाद, लोहियानगर मंडी के अध्यक्ष राजकुमार सोनकर का कहना है कि मंडी समिति शुल्क दो फीसदी वसूला जा रहा था, लेकिन बाहर कोई शुल्क नहीं वसूला जाता. ऐसे में मंडी के व्यापारी लगातार बर्बाद हो रहे थे. मंड़ी से लगभग 80 फीसदी तक व्यापार खत्म हो गया था.

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