मेरठ न्यूज: प्रदूषण फैलाने पर कैंट बोर्ड और दो निर्माण एजेंसियों पर जुर्माना

Smart News Team, Last updated: 13/10/2020 11:33 PM IST
प्रदूषण मानकों के पालन में विफल रहने पर कैंट बोर्ड समेत दो निर्माण एजैंसियों पर गाज गिरी है. डीएम के आदेश पर सिटी मजिस्ट्रेट सत्येंदर कुमार सिंह ने इन पर कुल सवा लाख रुपए का जुर्माना ठोका है. कैंट बोर्ड सीईओ पर 25 हजार, निर्माण एजैंसियों पर 50-50 हजार का जुर्माना लगाया गया है. एक सप्ताह में तीनों को जुर्माने की राशि का भुगतान करना होगा अन्यथा आरसी जारी कर वसूली की जाएगी. यह कार्रवाई प्रदूषण नियंत्रण के लिए गठित प्रशासन की विशेष टीम की रिपोर्ट के आधार पर हुई है. परीक्षण में कई जगह कैंट बोर्ड में कूड़े के ढेर जलते हुए मिले थे. वहीं दो निर्माण एजैंसियों को खुले में रोड़ी डस्ट आदि निर्माण सामग्री रखने का दोषी पाया गया है. दूसरी ओर ग्रेप योजना पर मंथन के लिए कल कमिश्नर अनीता सिंह ने उच्च स्तरीय बैठक बुलाई है. इसमें 16 विभागों के अधिकारी शामिल होंगे. उधर डीएम के निर्देश पर जल कर विभाग को तत्काल प्रभाव से दिल्ली रोड. हापुड़ रोड, गढ़ रोड पर सुबह, दोपहर और शाम को पानी के छिड़काव का निर्देश दिया गया है.                                                                                                                                                        लाल कुर्ती थाने के पास इंडियाना बार में भीषण आग लग गई. शार्ट सर्किट से लगी आग देखते ही देखते फैल गई और रसोई में रखे सिलेंडर धमाके के साथ फट गए. आसपास के लोगों ने दमकल विभाग को सूचना दी. करीब दो घंटे की मशक्कत के बाद आग पर काबू पाया गया.                                                                                                                                                                                     रोडवेज को वर्कशाप के लिए शताब्दी नगर में एमडीए चार एकड़ जमीन देगा. बदले में 25 करोड़ रुपए रोडवेज को भी देने होंगे. रेपिड रेल के काम में तेजी के लिए वैशाली बस अड्डे की वर्कशॉप को स्थानांतरित किया जाना है. एमडीए और रोडवेज में लंबे समय से जमीन के लिए खींचतान चल रही थी. रोडवेज निशुल्क जमीन मांग रहा था. फिल्हाल अब दोनों में सहमति बन गई है.    गंगा नदी की तलहटी से अच्छी खबर आई है.                                                                                                                                                                                              गंगा की गोद में अठखेलियां करने वालीं ड़ॉलफिन मछलियों का कुनबा साल-दर-साल बढ़ रहा है. छह जिलों में हुई डॉलफिन की गणना में वन विभाग और डब्लयू डब्लयू एफ को सकारात्मक नतीजे मिले हैं. हस्तिनापुर से नौरेरा बैराज तक गंगा का पानी स्वच्छ होने से यहां छह नई डॉलफिन मिली हैं। अब इनकी कुल संख्या 41 है.                                                                                                                                                                                                                  स्कूलों को खोलने के संबंध में प्रशासन ने गाइडलाइन जारी कर दी है. सभी विद्यालयों को इसका पालन करना होगा. कक्षाओं को दो पालिओं में शुरू किया जाएगा. पहली पाली में कक्षा नौ और दस के विद्यार्थियों को बुलाया जाएगा. अगले दिन कक्षा 11 व 12 के विद्यार्थियों को बुलाया जाएगा. एक दिन में अधिकतम 50 प्रतिशत छात्रों को ही स्कूल में बुलाया जाएगा. शेष विद्यार्थी अगले दिन आएंगे. विद्यार्थियों को उनके माता-पिता की लिखित सहमति के बाद ही बुलाया जाएगा.

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