अस्पताल ने कोरोना के इलाज के नाम पर वसूले लाखों, खाली सिलेंडर लगाकर किया रेफर

Smart News Team, Last updated: Fri, 14th May 2021, 6:54 PM IST
  • कोविड के संकट के बीच मुजफ्फरपुर में एक ऐसा मामला सामने आया है जिसमें एक निजी अस्पताल ने कोरोना मरीज के इलाज के लिए लाखों रुपए वसूले. मरीज की हालत गंभीर होने पर उसे खाली ऑक्सीजन सिलेंडर के साथ रेफर कर दिया. परिजन मरीज अस्पताल गए तो डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया.
अनुमति न होने के बावजूद इस प्राइवेट अस्पताल में कोरोना मरीजों का इलाज जल रहा था.

मुजफ्फरपुर. बिहार के मुजफ्फरपुर में एक प्राइवेट अस्पताल ने कोरोना मरीज के इलाज के लिए 5 लाख रुपए वसूले. कुछ दिन इलाज करने के बाद उसे खाली ऑक्सीजन सिलेंडर लगाकर रेफर कर दिया. परिजन अस्पताल पहुंचे तो डाॅक्टरों ने मृत घोषित कर दिया. ऑक्सीजन सिलेंडर की जांच की गई तो वो खाली पाया गया. जिसके बाद परिजनों ने प्राइवेट अस्पताल के एंबुलेंस ड्राइवर को बंधक बना लिया.

मिली जानकारी के अनुसार, मृतक जिस प्राइवेट अस्पताल में भर्ती थे, उसे 4 दिन पहले सीएस ने छापेमारी करके बंद करने का निर्देश दिया था. अस्पताल में कोविड मरीजों को भर्ती करने की अनुमति नहीं थी. इसके बाद भी वहां मरीजों का इलाज चल रहा था. ये मामला मुजफ्फरपुर के एक प्राइवेट अस्पताल का है. मनियारी के रिटायर्ड शिक्षक कोरोना संक्रमित पाए जाने के बाद यहां भर्ती थे.

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सात दिन चले कोरोना के इलाज के लिए अस्पताल ने परिजनों से 5 लाख रुपए लिए. हालत गंभीर होने पर गुरुवार को सदर अस्पताल के एमसीएच में बने कोविड सेंटर में रेफर कर दिया गया. परिजन जब रेफर का कागज लेकर अस्पताल पहुंचे तो डाॅक्टरों ने मरीज को मृत घोषित कर दिया. जब कोरोना मरीज को लगे ऑक्सीजन सिलेंडर की जांच की गई तो वो खाली निकला.

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जब मृतक के परिजनों को इस बारे में पता चला तो वो भड़क गए. जिसके बाद उन्होंने उस प्राइवेट अस्पताल के एंबुलेंस और उसके गंभीर को बंधक बना लिया. परिजनों का आरोप है कि अस्पताल में इलाज के नाम पर उनसे 5 लाख रुपए वसूले गए हैं.

 

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