12 साल बाद समय से पहले मॉनसून, भारी बारिश और वज्रपात को लेकर येलो अलर्ट

Smart News Team, Last updated: Sun, 13th Jun 2021, 11:08 AM IST
  • बिहार में समय पर मॉनसून आने की एकतरफ खुशी है तो दूसरी तरफ मौसम विभाग द्वारा अगले तीन से चार दिनों तक बिहार में भारी बारिश और वज्रपात को लेकर येलो अलर्ट जारी करने के बाद चिंता भी है.
12 साल बाद समय से पहले मॉनसून, भारी बारिश और वज्रपात को लेकर येलो अलर्ट (फाइल फ़ोटो)

पटना: जून 2008 के बाद ठीक 12 साल बाद बिहार में मॉनसून ने अनुमानित समय से एक दिन पहले ही दस्तक दे दी है, बिहार में मॉनसून का प्रवेश शनिवार को पश्चिम बंगाल के बागडोगरा से धनबाद होते हुए बिहार में मॉनसून करंट ने किशनगंज, पूर्णिया के रास्ते प्रवेश किया, मॉनसून के पुर्णिया पहुंचने के कुछ ही घंटों में दरभंगा भी पहुंच गया. मॉनसून के दस्तक के बाद इतना ही नहीं बारिश में पूरे बिहार के आब व हवा को बदल दिया.

रविवार को मॉनसून पटना पहुंच चुका है लेकिन बिहारवासियों के लिए परेशानी का सबब बनने वाला है, अगले तीन से चार दिनों तक भारी बारिश और वज्रपात को लेकर येलो अलर्ट जारी कर दिया गया है. इसकी जानकारी मौसम विज्ञान केंद्र पटना के निदेशक विवेक सिन्हा ने बताया कि बिहार में मॉनसून के प्रवेश का मानक समय 13 जून है. खराब मौसम की चेतावनी देते हुए मौसम विज्ञान केंद्र पटना ने लोगों से अपील की है की वेबसाइट, ट्विटर व आईएमडी की अन्य आधिकारिक स्रोतों से आ रहे अलर्ट पर नजर रखने की सलाह दी है. अगले 24 घंटों में मॉनसून देश के अन्य हिस्से मध्यप्रदेश के कुछ और भाग, छतीसगढ़, ओडिशा, पश्चिम बंगाल, झारखंड, बिहार और उत्तरप्रदेश के शेष भागों में पहुंच जायेगा.

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मौसम विभाग ने जून में सामान्य से अधिक बारिश का अनुमान लगाया

मौसम विज्ञान केंद्र पटना ने मॉनसून की सक्रियता को देखते हुए जून महीने में बिहार में सामान्य से अधिक बारिश का अनुमान लगाया है. इसकी वजह मौसम विभाग ने बताया की बंगाल की खाड़ी से मॉनसून के करंट को अपेक्षित सहयोग मिल रहा है और परिस्थितियां आगे भी इसे मदद पहुंचाती रहेगी. फलस्वरूप यह होगा कि राज्य में अगले एक पखवाड़े में झमाझम बारिश की स्थिति बनी रहेगी.

 

अनुमानित समय से पहले मॉनसून आने पर किसानों में खुशी

मॉनसून के पहले आने पर सबसे ज्यादा, किसानों और कृषि विशेषज्ञों में खुशी है. इसलिए खेतों को धान की रोपनी के लिए किया जाने लगा है. मॉनसून के आगमन को लेकर मौसम विज्ञान केंद्र पटना के आकलन की सटीकता भी साबित हुई है. बेहतर पूर्वानुमान को लेकर कृषि संगठनों ने भी मौसम विज्ञान केंद्र पटना को बधाई दी है. कृषि विशेषज्ञों ने भी मॉनसून के समय पूर्व आगमन को खेती किसानी के लिए बेहद अनकूल माना है.

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