बिहार: सरकारी स्कूलों के साथ टैग होंगे आंगनबाड़ी केंद्र, साथ में खुलेगी बाल वाटिका

Sumit Rajak, Last updated: Sun, 13th Feb 2022, 11:55 AM IST
  • बिहार के सभी गांव, पंचायत व प्रखंडों में स्थित आंगनबाड़ी केंद्रों को नजदीकी सरकारी स्कूलों से जोड़ा जाना है. शिक्षा विभाग की ओर से सभी निदेशालयों और जिला शिक्षा अधिकारियों को 25 फरवरी तक डेडलाइन दी गई है. ​नई शिक्षा नीति के तहत टैगिंग के बाद सरकारी स्कूल के एक शिक्षक द्वारा आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को पठन-पाठन ​कराया जाएगा.
फाइल फोटो

पटना. बिहार में नई शिक्षा नीति के तहत आंगनबाड़ी केंद्रों को सरकारी स्कूलों से जोड़ने की कवायद शुरू हो गई है. इसके लिए शिक्षा विभाग की ओर से सभी निदेशालयों और जिला शिक्षा अधिकारियों को 25 फरवरी तक डेडलाइन दी गई है. ​योजना के तहत सभी गांव, पंचायत व प्रखंडों में स्थित आंगनबाड़ी केंद्रों को नजदीकी सरकारी स्कूलों से जोड़ा जाना है. शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव के आदेश के बाद आंगनबाड़ी केंद्रों की सरकारी स्कूलों की टैगिंग इस महीने पूरी हो सकेगी.

नई शिक्षा नीति के तहत टैगिंग के बाद सरकारी स्कूल के एक शिक्षक द्वारा आंगनबाड़ी केंद्रों पर बच्चों को पठन—पाठन ​कराया जाएगा. हालांकि, जहां सरकारी स्कूल से एक किमी की परिधि में कोई आंगनबाड़ी केंद्र नहीं होंगे, वहां बाल वाटिका की स्थापना की जाएगी. इसके लिए एरियल मैपिंग भी शुरू हो गई है. आदेश के मुताबिक, बाल वाटिका की स्थापना की जरूरत के लिए कितनी जगह, कितना खर्चा और संचालन की सभी जानकारी के साथ प्रस्वात तैयार कर 28 फरवरी तक सौंपना होगा.

बिहार के 85 लाख किसानों को करानी होगी E-KYC, अब PM सम्मान निधि को जरूरी

बात दें कि समग्र शिक्षा कार्यक्रम के तहत शिक्षा का स्तर सुधारने के लिए केंद्र सरकार की ओर से बिहार समेत सभी राज्यों से दो बजट प्रस्ताव मांगे हैं. पहला 2022—23 का वार्षिक प्लान, दूसरा अगले चार शैक्षिक सत्र अर्थात 2025—26 तक संदर्श प्रस्ताव भेजना है. 28 फरवरी तक हर हाल में जिलों को समग्र शिक्षा का बजट केंद्र सरकार के पोर्टल पर अपलोड करने के साथ ही राज्य मुख्यालय को देना है. इसके बाद बीईपी से समेकित कर मार्च के अंत तक केंद्र सरकार को रिपोर्ट सौपेंगे. 13 अप्रैल को केंद्रीय शिक्षा मंत्रालय की प्रोजेक्ट एप्रूवल बोर्ड बैठक पर इस पर अंतिम मुहर लगेगी.

स्कूलों का होगा जीर्णोद्वार

बिहार के 2939 राजकीय, राजकीयकृत और प्रोजेक्ट हाईस्कूलों का जीर्णोद्वार किया जाएगा. शिक्षा विभाग ने ऐसे भवनों व स्कूल परिसर का आकलन करने का आदेश जारी किया है. हालांकि, ऐसे चार दशक से पहले बने हो और इनमें मरम्मत की दरकार हो, उन्हीं को योजना में शामिल​ किया जाएगा. समग्र शिक्षा कार्यक्रम के तहत इन पर होने वाले खर्च का प्रस्ताव तैयार करने का भी आदेश जारी किया गया है.

 

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें