पटना AIIMS में एडमिट हुए बिहार बीजेपी अध्यक्ष संजय जायसवाल, स्टीवेंस जॉन्सन सिंड्रोम से हैं ग्रसित

Ankul Kaushik, Last updated: Thu, 2nd Sep 2021, 4:49 PM IST
  • बिहार बीजेपी अध्यक्ष संजय जयसवाल गंभीर बीमारी की चपेट में हैं और इस कारण वह पटना एम्स में भर्ती हैं. बिहार बीजेपी अध्यक्ष संजय जायसवाल ने खुद अपने आधिकारिक फेसबुक पर लाइव आकर इस बीमारी की जानकारी दी है.
बिहार बीजेपी के अध्यक्ष संजय जायसवाल पटना एम्स में भर्ती

पटना. भारतीय जनता पार्टी के बिहार प्रदेश अध्यक्ष संजय जयसवाल इस समय गंभीर बीमारी की चपेट में हैं. इस बीमारी के कारण संजय जायसवाल पटना एम्स में भर्ती हैं और इस बीमारी की जनाकारी बिहार बीजेपी के अध्यक्ष संजय जायसवाल ने खुद अपने फेसबुक पर लाइव आकर दी है. बीजेपी बिहार अध्यक्ष संजय जायसवाल ने फेसबुक लाइव पर आकर बताया कि वह पटना एम्स में भर्ती हैं और अगले सात दिनों तक यहीं एडमिट रहेंगे. इस दौरान वह किसी से नहीं मिलेंगे. फेसबुक पर लाइव आकर उन्होंने बताया वे सभी के आशीर्वाद और शुभकामनाओं की वजह से अब ठीक हैं. 

इस बीमारी के बारे में बताते हुए जायसवाल ने कहा कि उन्हें 25 अगस्त को कोलकाता में बुखार आ गया था. वह जल संसाधन समिति के अध्यक्ष हैं और इसलिए वह कोलकाता और गुवाहाटी गए थे. हालांकि बुखार के दौरान उन्होंने अपने कार्यक्रमों में शिरकत की और इसके बाद वह पटना आए. बता दें कि भाजपा अध्यक्ष संजय जायसवाल ने खुद बताया है कि वह स्टीवेंस-जॉन्सन सिंड्रोम की चपेट में आ गये हैं. यह बीमारी एक रेयर बीमारी होती है जिस चर्म रोग भी बोला जाता है. इस बीमारी से शरीर में सूजन और सकफ्फिंग होने लगती है.

बिहार बीजेपी की 2020 में बनी वोटर लिस्ट रद्द करने की मांग

स्टीवेंस जॉन्सन सिंड्रोम के लक्षण की बात करें तो इसमें बुखार, गले और मुंह में खराश, थकान और आंखों में जलन होती है. इसके साथ त्वचा पर दाने फैलने लगते हैं और शरीर पर फफोले बनने के कुछ दिनों के भीतर त्वचा का झड़ना भी शुरू हो जाता है. हालांकि बिहार बीजेपी अध्यक्ष संजय जायसवाल ने पटना एम्स के डॉक्टरों को धन्यवाद करते हुए कहा कि पटना एम्स के डॉक्टरों ने दूसरे ही दिन मेरी बीमारी को डिटेक्ट कर लिया है. इसके साथ ही बिहार बीजेपी अध्यक्ष संजय जायसवाल ने लोगों से अस्पताल ना आने की अपील करते हुए कहा कि वह आप लोग यहां न आए क्योंकि इससे मेरी मदद नहीं हो पाएगी.

 

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें