अब पटना से यूपी आना-जाना होगा आसान, कोइलवर पुल की दूसरी लेन भी बनकर तैयार

Somya Sri, Last updated: Wed, 16th Feb 2022, 6:56 AM IST
  • पटना से अब उत्तर प्रदेश आना जाना और भी आसान होगा. क्योंकि अगले महीने यानी मार्च तक कोईलवर में बन रहे पुल की दूसरी लेन बनकर लगभग तैयार हो जाएगी. जिसके बाद अगले महीने इसका विधिवत उद्घाटन भी हो जाएगा. इस लेन के शुरू होने से यूपी ही नहीं पटना से आरा आना जाना भी आसान हो जाएगा.
कोइलवर पुल (फाइल फोटो)

पटना: बिहार की राजधानी पटना से अब उत्तर प्रदेश आना जाना और भी आसान होगा. क्योंकि अगले महीने यानी मार्च तक कोईलवर में बन रहे पुल की दूसरी लेन भी बनकर लगभग तैयार हो जाएगी. जिसके बाद मार्च-अप्रैल में कभी भी इस पुल का विधिवत उद्घाटन हो जाएगा. शुभारंभ होते ही इसे आम जनों के लिए खोल दिया जाएगा. फिर कोइलवर पुल के दोनों लेन से गाड़ियां फर्राटे भर सकेंगी. वहीं उत्तर प्रदेश सहित राज्य के कई प्रमुख शहरों तक इस लेन से आना जाना आसान हो जाएगा.

जानकारी के मुताबिक कोईलवर पुल के एक लेन का उद्घाटन 10 दिसंबर 2020 को हुआ था. दक्षिण हिस्से का लेन चालू होने के बाद उत्तर की ओर तीन लेन सड़क पुल का काम लगातार चलता रहा. कोईलवर अब्दुलबारी सिद्दीकी पुल के उत्तर में ही समानांतर 1.528 मीटर लंबे व 30 मीटर चौड़े 30 सिक्स लेन पुल के नवनिर्माण का शिलान्यास 22 जुलाई 2017 को आरा के क्षेत्रीय सांसद सह केंद्रीय मंत्री आरके सिंह ने किया था.

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पटना से आरा आना जाना भी होगा आसान

वहीं पटना से दक्षिण बिहार समेत उत्तरप्रदेश के कई जिलों को सीधे सड़क मार्ग से जोड़ने के कारण यह पुल इस इलाके के लिए लाइफ लाइन है. इसके अलावा नए पुल पर आवागमन शुरू होने से पुराने अब्दुलबारी सिद्दीकी पुल पर वाहनों का दबाव काफी हद तक कम हो जाएगा. इससे पुराने पुल की जर्जर हो चुकी सड़क को भी बनाने में मदद मिलेगी. फिलहाल नए पुल से लोग आरा की ओर से पटना आ रहे हैं. मार्च के बाद इस लेन के शुरू होने से लोग पटना से आरा की तरफ जा सकेंगे. छह लेन पुल के एक लेन की कुल चौड़ाई 16 मीटर है. इसमें 13 मीटर में वाहन चलेंगे और डेढ़ मीटर पैदल चलने के लिए फुटपाथ रहेगा.

बिहार में 18 पुलों का हो रहा निर्माण

बता दें कि बिहार में 18 बड़े पुलों का निर्माण हो रहा है या निर्माण की प्रक्रिया में है. इस पर लगभग 27 हजार करोड़ खर्च होंगे. महात्मा गांधी सेतु के समानांतर बन रहे चार लेन ब्रिज का निर्माण कार्य मार्च 24 में पूरा करने का लक्ष्य है. इस पर 2926 करोड़ खर्च हो रहे हैं. सुपौल के परसरमा में कोसी नदी पर 1102 करोड़ की लागत से पुल बन रहा है जिसे अगस्त 23 में बनाने का लक्ष्य है. मोकामा में गंगा नदी पर बन रहे 1161 करोड़ की लागत से छह लेन पुल को अक्टूबर 23 में बनाने का लक्ष्य है. भागलपुर में 1110 करोड़ की लागत से बन रहे पुल को दिसम्बर 25 तक बनाने का लक्ष्य है.

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वहीं डुमरिया घाट पर गंडक नदी पर 182 करोड़ की लागत से बन रहे पुल को अप्रैल 22 में बनाने का लक्ष्य है.  सोन नदी पर बन रहे पंडुका ब्रिज को जून 22 में बना लिया जाएगा. बक्सर में 22 जून तक 682 करोड़ की लागत से दो लेन ब्रिज बन रहा है. . गंडक नदी पर छपरा-हाजीपुर के बीच 70 करोड़ की लागत से बन रहे ब्रिज को दिसम्बर 22 में पूरा करने का लक्ष्य है.

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