शिक्षक बहाली सही तरीके से हो, तो सभी एसटीईटी अभ्यर्थियों मिल सकता है नौकरी का मौका

Smart News Team, Last updated: Wed, 30th Jun 2021, 10:35 AM IST
  • बिहार की माध्यमिक और उच्च माध्यमिक शिक्षक बहाली को नियोजित तरीके से किया जाए तो सभी शिक्षकों के पदों को आसानी से भरा जा सकता हैं. साढ़े चार सौ नियोजन ईकाई की बात करें तो विषयवार रिक्तियों से कम सख्या आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों की है.
एसटीईटी उत्तीर्ण सभी अभ्यर्थियों का नियोजन को आसान किया जा सकता है. ( सांकेतिक फोटो )

पटना: बिहार में माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में हजारों शिक्षकों के पद खाली है. यदि इन विषयवार रिक्तियों को सही तरीके से किया जाये तो एसटीईटी (STET ) उत्तीर्ण सभी अभ्यर्थियों का नियोजन आसानी से हो सकता है. प्रदेश भर के माध्यमिक और उच्च माध्यमिक विद्यालयों में 38 हजार 521 रिक्तियां है. माध्यमिक और उच्च माध्यमिक की साढ़े चार सौ नियोजन ईकाई की बात करें तो विषयवार रिक्तियों से आवेदन करने वाले अभ्यर्थियों की सख्या कम है.

बिहार बोर्ड की एसटीईटी सूची में 30 हजार 675 अभ्यर्थी शामिल है. वहीं छठें चरण के लिए 30 हजार 20 सीट के लिए मात्र पांच हजार अभ्यर्थियों ने ही आवेदन दिया है. ऐसे में अगर छठे चरण की 25 हजार रिक्तियों को सातवें चरण में जोड़ दिया जाए तो एसटीईटी 2019 में उत्तीर्ण सभी अभ्यर्थियों की बहाली आसान हो जाएगी. एसटीईटी में सबसे ज्यादा सामाजिक विज्ञान में अभ्यर्थी उत्तीर्ण हुए हैं. जबकि इस विषय में सबसे कम रिक्तियां हैं. वहीं एसटीईटी में सामान्य श्रेणी के अभ्यर्थी की संख्या सबसे ज्यादा है. एसटीईटी अभ्यर्थी ने बहाली को लेकर कल शिक्षा मंत्री का आवास का घेराव करने की कोशिश की, लेकिन पुलिस ने उनपर लाठी चार्ज कर दिया.

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बिहार सरकार की बात करें तो दो सालों में सैकड़ों शिक्षक सेवानिवृत्त हुए. अगर इन रिक्त पदों को जोड़ दिया जाए तो हर विषय में रिक्तियां भरपूर होंगी. ज्ञात हो कि कोरोना संक्रमण के कारण भी सैकड़ों शिक्षकों की मौत हुई है. ऐेसे में इन शिक्षकों की सीटें भी अब रिक्त हो चुकी हैं. बिहार शिक्षा विभाग के प्रधान सचिव, सजय कुमार ने कहा, कि शिक्षक के पद खाली हैं. इसके लिए शिक्षकों की सभी सीटों को रिकलेक्ट किया जाएगा. इससे बहाली करना आसान होगा. सभी नियोजन ईकाई से फीडबैक लिया जा रहा है.

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