पप्पू यादव को लाया गया प्राइवेट अस्पताल, बोले- मेरी जिंदगी के साथ हो रहा खिलवाड़

Smart News Team, Last updated: Sat, 15th May 2021, 11:16 PM IST
  • जन अधिकार पार्टी के अध्यक्ष पप्पू यादव ने दरभंगा जिला प्रशासन पर उनकी जिदंगी के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया है. पप्पू यादव की तबीयत को देखते हुए उन्हें इलाज के लिए पटना भेजने का फैसला किया गया था.
पप्पू यादव ने दरभंगा जिला प्रशासन पर उनकी जिंदगी के साथ खिलवाड़ करने का आरोप लगाया है

जन अधिकार पार्टी के अध्यक्ष और पूर्व सांसद पप्पू यादव ने गंभीर आरोप लगाया है. दरअसल पप्पू यादव को गिरफ्तारी के बाद उन्हें वीरपुर से डीएमसीएच शिफ्ट किया गया है. अस्पताल में डॉक्टरों नें उनके बेहतर स्वास्थ्य के लिए सीटी स्कैन और एमआरआई स्कैन को जरूरी बताया. इसके बाद उन्हें जांच के लिए मेदांता मेडिसिटी अस्पताल ले जाया गया. पप्पू यादव ने ट्विटर हैंडल पर ट्वीट कर इस बात की जानकारी दी है.

पप्पू यादव ने ट्वीट कर कहा है कि सीटी स्कैन, एमआरआई के लिए दरभंगा के लिए मेडिसिटी में मुझे ले जाया गया. डॉक्टरों ने बेहतर उपचार के लिए इन जांच को जरूरी बताया था. पप्पू यादव अपने ट्वीट में आगे लिखते हैं कि बिहार के कोरोना पीड़ित आम मरीजों को बेहतर से बेहतरीन उपचार हो. यही मेरी लड़ाई है. सरकारी अस्पतालों को दुरुस्त करना होगा. तभी आम लोगों को न्याय मिलेगा.

पूर्व सांसद ने अपने ट्वीट में आरोप लगाया कि दरभंगा जिला प्रशासन उनके इलाज में हस्तक्षेप कर रहा है. पप्पू य़ादव ने कहा कि दरभंगा जिला प्रशासन अपने आका के इशारे पर डॉक्टर बन गया है. डीएमसीएच के डॉक्टर मेरा समुचित उपचार करना चाहते हैं. लेकिन दरभंगा जिला प्रशासन इसमें दखल दे रहा है. वह मुझे प्रताड़ित कर मेरी जिंदगी और स्वास्थ्य से खिलवाड़ कर रहा है.

RJD नेता तेजस्वी यादव और लोजपा सांसद पशुपति पारस लापता होने के लगे पोस्टर, 51 हजार का ईनाम

बता दें कि दरभंगा मेडिकल कॉलेज ने पप्पू यादव की तबीयत को देखते हुए उन्हें इलाज के लिए पटना भेजने का फैसला किया था. मगर जन अधिकार पार्टी के अध्यक्ष पप्पू यादव को पत्र लिखकर पटना नहीं भेजने की अपील की. इसके बाद अस्पताल ने उन्हें पटना नहीं भेजने का निर्णय लिया.

कोरोना से मरने वालों के कागज गड़बड़, डेथ सर्टिफिकेट पर नहीं लिखा कोविड से मौत

 

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें