पुत्र विरह से तड़पे लालू यादव, तेजस्वी के घर से निकलते ही तेज प्रताप को बुला लिया

Shubham Bajpai, Last updated: Mon, 25th Oct 2021, 8:03 PM IST
  • आरजेडी सुप्रीमो ने सोमवार को अपने बड़े बेटे तेज प्रताप को मिलने के लिए राबड़ी आवास बुलाया. दोपहर 3 बजे पहुंचे तेज प्रताप के साथ लालू प्रसाद की काफी देर बात हुई. ये बैठक ऐसे वक्त हुई जब तेजस्वी यादव पटना से बाहर उपचुनाव में कुशेश्वरस्थान में प्रचार करने गए हुए हैं.
पारिवारिक कलह खत्म करने में लगे RJD सुप्रीमो, लालू ने तेज प्रताप को मिलने बुलाया (फोटो सभार एएनआई)

पटना. लंबे समय से लालू परिवार और राष्ट्रीय जनता दल में चल रही कलह को खत्म करने का जिम्मा अब आरजेडी सुप्रीमो लालू प्रसाद यादव ने उठा लिया. काफी समय बाद रविवार को पटना पहुंचे लालू प्रसाद सोमवार सुबह से पारिवारिक कलह को खत्म करने में जुट गए. लालू प्रसाद ने काफी समय से पार्टी और परिवार में अलग-थलग पड़े अपने बड़े बेटे तेज प्रताप यादव को मिलने के लिए राबड़ी आवास पर बुलाया. राबड़ी आवास पहुंचे तेज प्रताप से लालू प्रसाद की काफी देर बात हुई.

इस मुलाकात से राजनीतिक गलियारों में कई कयास लगाए जा रहे हैं, माना जा रहा है कि इस मुलाकात के बाद परिवार और पार्टी में चल रहे विवाद में विराम लग सकता है.

बिहार का ऐसा चोर जो जी रहा था आलीशान जिंदगी, पत्नी को लड़वा चुका चुनाव, गिरफ्तार

तेजस्वी के बाहर जाते ही हुई ये बैठक

ये बैठक इस मायने से और महत्वपूर्ण मानी जा रही है कि जब लालू के छोटे बेटे और नेता प्रतिपक्ष तेजस्वी यादव कुशेश्वरस्थान गए हुए थे, तब ये मीटिंग हुई. घटों चली इस मीटिंग में पार्टी कलह और परिवार के कई मुद्दों पर चर्चा हुई है. जानकारी अनुसार, इस बैठक में तेज प्रताप ने लालू से कई मुद्दों को लेकर अपनी बात की. 

लालू से मिलने की जिद्द पर धरने पर बैठ गए थे तेज प्रताप

रविवार को लालू प्रसाद से मिलने की जिद्द को लेकर तेज प्रताप अपने आवास के बाहर धरने पर बैठ गए थे. जिसके बाद लालू प्रसाद और उनकी पत्नी राबड़ी देवी तेज प्रताप के घर पहुंची थी. जहां तेज प्रताप ने लालू के पैर धोए थे और इसको अपनी जीत बताया था.

Bihar Police Driver Constable PET Admit Card जारी, ऐसे करें डायरेक्ट डाउनलोड

इससे पहले तेज प्रताप ने आरजेडी प्रदेश अध्यक्ष जगदानंद पर हमला बोलते हुए कहा ता कि जगदानंद ने एयरपोर्ट से साथ आने के बाद उनको लालू प्रसाद से मिलने नहीं दिया गया. वहीं, पटना एयरपोर्ट पर उनके साथ धक्का मुक्की भी की गई. जिसको लेकर उन्होंने कहा कि अब जब तक जगदानंद को पार्टी से नहीं निकाल देते हैं तब तक हमारा आरजेडी से कोई मतलब नहीं है.

बता दें कि लालू प्रसाद के उत्तराधिकारी की कुर्सी को लेकर काफी समय से तेज प्रताप और तेजस्वी यादव में खींचतान लगी हुई है. इस विवाद में पार्टी में तेजस्वी की मजबूती होती जा रही है. वहीं, तेज प्रताप को पार्टी  में कोई खास तवज्जो नहीं दी जा रही है. जिसको लेकर तेज प्रताप कई बार खुले मंच से पार्टी संगठन पर निशाना साध चुके हैं. अब लालू के बिहार आने के बाद कयास लगाए जा रहे हैं कि इस विवाद पर विराम लग सकता है.

 

आज का अखबार नहीं पढ़ पाए हैं।हिन्दुस्तान का ePaper पढ़ें |

अन्य खबरें