राज्यसभा उपचुनाव: RJD ने नहीं उतारा प्रत्याशी, निर्विरोध जीत सकते हैं सुशील मोदी

Smart News Team, Last updated: Fri, 4th Dec 2020, 12:15 PM IST
  • एनडीए के उम्मीदवार और पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी के लिए निर्विरोध चुना जाने का रास्ता साफ होता दिख रहा है. राजद की तरफ से नामांकन ना भरे जाने पर सुुशील कुमार मोदी को 7 दिसंबर के दिन कागजात वापस लेने की अंतिम तारीख को निर्विरोध विजेता घोषित किए जाने की संभावना बन चुकी हैं. 
सुशील कुमार मोदी जीत आसान हो सकती है क्योंकि नामांकन के अंतिम दिन राजद प्रत्याशी ने नहीं भरा पर्चा.(फाइल फोटो)

पटना. राज्यसभा उपचुनाव के लिए विपक्षी महागठबंधन का नेतृत्व कर रही राजद ने नामांकन की अंतिम दिन कोई उम्मीदवार नहीं उतारा. इससे एनडीए के उम्मीदवार और पूर्व उपमुख्यमंत्री सुशील कुमार मोदी के लिए निर्विरोध चुना जाने का रास्ता साफ होता दिख रहा है. राजद की तरफ से नामांकन ना भरे जाने पर सुुशील कुमार मोदी को 7 दिसंबर के दिन कागजात वापस लेने की अंतिम तारीख को निर्विरोध विजेता घोषित किए जाने की संभावना बन चुकी हैं. आंकड़ों के हिसाब से इस चुनाव एनडीए की जीत तय है इसलिए कयास लगाए जा रहे है कि कोई भी नेता अपनी प्रतिष्ठा को दांव पर नहीं लगाना चाहता.  

राजद पार्टी के प्रदेश प्रवक्ता चितरंजन गगन ने कहा है कि राजद ने उपचुनाव में उम्मीदवार उतारने पर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया था. इसलिए एनडीए के नेता हर तरह के कयास लगा रहे थे.निर्दलीय उम्मीदवार श्याम नंदन प्रसाद ने राज्यसभा उपचुनाव में इसी सीट के लिए अपना नामांकन पत्र दाखिल किया है. लेकिन सूत्रों की मानें तो उनके कागजों में कुछ खामियां मिली हैं, जिनमें आवश्यक संख्या में प्रस्तावक भी शामिल हैं. 

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राज्यसभा चुनाव में नामांकन पत्र दाखिल करने वाले किसी भी उम्मीदवार को इसकी वैधता प्रदान करने के लिए कम से कम 10 विधायकों की आवश्यकता होती है. अधिकारियों ने कहा है कि हालांकि शुक्रवार को सभी उम्मीदवारों के कागजात की जांच के बाद अंतिम परिणाम दे पाएंगे. सीट जीतने के लिए विधायकों के वोटों की आवश्यक संख्या 122 है. सत्तारूढ़ राजग में 126 विधायक हैं जबकि जीए के नेतृत्व वाले गठबंधन में 110 सदस्य हैं.यह एक सीट लोक जनशक्ति पार्टी (एलजेपी) के अध्यक्ष रामविलास पासवान के निधन के बाद खाली हुई है.

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