गोरा तो नहीं काला बना देती नकली क्रीम

Malay, Last updated: Thu, 4th Jul 2019, 5:29 PM IST
कहीं आप भी तो नकली क्रीम लगाकर गोरे नहीं बन रहे थे। सुनकर चौंक गए न! बुधवार को पुलिस ने नकली क्रीम बनाने वाली फैक्टरी का भंडाफोड़ किया है। यह फैक्टरी नौबतपुर में चोरी-चुपके चलाई जा रही थी। फैक्टरी में...
नौबतपुर में नकली सामान बनाने वाली फैक्टरी का भंडाफोड़

कहीं आप भी तो नकली क्रीम लगाकर गोरे नहीं बन रहे थे। सुनकर चौंक गए न! बुधवार को पुलिस ने नकली क्रीम बनाने वाली फैक्टरी का भंडाफोड़ किया है। यह फैक्टरी नौबतपुर में चोरी-चुपके चलाई जा रही थी। फैक्टरी में क्रीम के अलावा नकली दवाएं भी बड़ी मात्रा में बनाई जा रही थीं। इन नकली सामानों की आपूर्ति पटना ही नहीं, दिल्ली सहित कई राज्यों के महानगरों में होती थी। पुलिस की मानें तो जब्त किया सामान एक करोड़ रुपए से अधिक का होगा। वहीं चर्म रोग विशेषज्ञों की मानें तो इस तरह की नकली क्रीम चेहरे को गोरा बनाने के बजाए काला भी कर सकती है।

पटना पुलिस ने नौबतपुर में नकली सामान बनाने वाली एक फैक्टरी का भंडाफोड़ किया है। जब पुलिस को इस फैक्टरी के बारे में सूचना मिली तो वह तत्काल टीम के साथ मौके पर पहुंची। पुलिस जैसे ही फैक्टरी के  अंदर पहुंची तो नजारा देख चौंक गई। बड़ी संख्या में गोरा बनाने वाली स्किन व्हाइटनिंग क्रीम (स्किन लाइट), दिनाय में इस्तेमाल होने वाली पैनडॉर्म क्रीम, ट्यूब पैक करने वाली मशीन सहित अन्य सामान बरामद किये हैं। यही नहीं पुलिस को भारी मात्रा में कैलविन नाम की एंटीबायोटिक दवा के रैपर और डाबर लाल दंत मंजन भी मिले हैं। पुलिस के मुताबिक शहर से सटे नौबतपुर के मोतीपुर गांव स्थित ब्रह्मदेव वर्मा के मकान में यह सारा खेल चल रहा था। पुलिस ने मौके से ब्रह्मदेव वर्मा को हिरासत में ले लिया है। फैक्टरी को संचालित करने वाला मुकेश फरार है। उसके बारे में सूचना मिली है कि वह दुल्हिन बाजार का रहने वाला है। पुलिस ने फैक्टरी को सील कर दिया है। 

साहब मुकेश है खिलाड़ी
पुलिस ने जब ब्रह्मदेव से पूछताछ की तो उसने बताया कि मुकेश ने उससे किराये पर मकान लिया था। उसने मुझे यह जानकारी नहीं दी थी कि वह फैक्टरी में क्या बना रहा है। मुझे तो लगता था कि वह कुछ अच्छा काम कर रहा होगा। नौबतपुर थाने में मुकेश के खिलाफ नकली कारोबार करने की एफआईआर दर्ज कर छानबीन शुरू कर दी गई है।

दिल्ली बनारस तक कारोबार 
ब्रांड प्रोटेक्शन के मुस्तफा हुसैन ने बताया कि पटना के नौबतपुर में बनने वाली नकली क्रीम और दवा का जाल पूरे देश में फैला हुआ है। यह पटना में आपूर्ति होने के अलावा उत्तरप्रदेश के वाराणसी सहित अन्य शहरों से लेकर दिल्ली तक जाती थी। पुलिस की छानबीन में यह बात सामने आई है कि इसका नेटवर्क इतना मजबूत था कि हर महीने लाखों रुपए का सामान दूसरे प्रदेशों में भेजा जाता था। 

ये सामान बरामद 
खाली ट्यूब- 30 हजार
ट्यूब के ऊपर का डिब्बा- 35 हजार
ट्यूब पैक करने वाली मशीन-1 अदद
डाबर लाल दंत मंजन
क्लैवम 625 नाम की एंटीबायोटिक दवा के खाली डिब्बे 

स्किन लाइट क्रीम और पैनडोर्म बिना चिकित्सीय परामर्श के नहीं लगाना चाहिए। इन दोनों क्रीमों का दुष्प्रभाव बहुत होता है, त्वचा की नई बीमारियां पैदा हो सकती हैं। नकली दवा तो और खतरनाक होती है। यह चेहरे को बदरंग करने के अलावा कैंसर जैसी बीमारी भी दे सकती है।
 -डॉ. विकास शंकर, चर्म रोग विशेषज्ञ

नकली क्रीम व दवा बनाने में एक व्यक्ति का नाम सामने आ रहा है। पुलिस जांच के दौरान उसके नेटवर्क को खंगालेगी ताकि यह पता चल सके कि किन—किन जगहों पर नकली दवाओं की खपत की जाती थी। 
-गरिमा मलिक, एसएसपी, पटना  

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