बिहार में स्कूल नहीं जाने वाले बच्चों का हो रहा है सर्वे, कराया जाएगा एडमिशन

Indrajeet kumar, Last updated: Fri, 5th Nov 2021, 11:05 AM IST
  • बिहार सरकार ने मार्च में बच्चों के स्कूल में दाखिल के लिए अभियान चलाया था. बावजूद इसके काफी संख्या में बच्चे स्कूल जाने से वंचित हैं. बिहार सरकार बच्चों को स्कूल भेजने के लिए सर्वे करा रही है. 1 नवंबर से सभी प्रखंडों में ये सर्वे शुरू हो जाएगा. जिसके बाद बच्चों का दाखिला होगा.
बिहार में स्कूल नहीं जाने वाले बच्चों का हो रहा है सर्वे

पटना. कोरोना संक्रमण के बाद शिक्षा क्षेत्र की स्थिति काफी खराब हो गई है. पिछले डेढ़ साल के दौरान बड़ी संख्या में बच्चों का स्कूल जाना छूट गया है. सरकारी स्कूलों के साथ निजी स्कूल भी इससे प्रभावित हुए हैं. बिहार सरकार ने इस साल मार्च में बच्चों के एडमिशन के लिए एक बड़ा अभियान चलाया था. बावजूद इसके अभी भी बड़ी संख्या में बच्चे स्कूली शिक्षा वंचित हैं. खासकर सामाजिक और आर्थिक रूप से पिछड़े इलाके में बच्चे स्कूल नहीं जा पा रहे हैं. सरकार ऐसे बच्चों की पहचान कर उन्हें स्कूल भेजने की तैयारी में है. इसके लिए सरकार सर्वे करा रही है.

शेखपुरा जिले में स्कूल से बाहर रहने वाले बच्चों के सर्वे के लिए प्रखंडों में कर्मियों को तैयार किया गया है. ये सभी कर्मी अपने अपने प्रखंड क्षेत्रों में सर्वे की मॉनिटरिंग करेंगे. मिली जानकारी के मुताबिक सुनील कुमार को बरबीघा, सुधीर मोहन को शेखोपुरसराय, आजाद पासवान को चेवाड़ा, पंकज कुमार को अरियरी, सूरज कुमार को घाटकुसुंभा और कृष्ण कुमार राम को शेखपुरा प्रखंड में मॉनिटरिंग की जिम्मेदारी दी गई है. शेखपुरा जिले में 1 नवंबर से ही सर्वे का काम घर-घर जाकर किया जा रहा है. इसके तहत 6 साल से 18 साल तक के ऐसे बच्चों का पहचान किया जाएगा जो किसी कारण से स्कूल नहीं जा पा रहे हैं. ऐसे बच्चों को इनके मुहल्ले और गांव के ही सरकारी स्कूलों में नामांकित किया जाएगा.

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सर्वे में शामिल कर्मियों को प्रशिक्षण दिया जा चुका है. 1 नवंबर से सर्वे का काम शुरू हो चुका है. जिसके बाद एक से सात दिसंबर तक सर्वेक्षण में स्कूल से बाहर पाये गये बच्चे के पहले की ज्ञान की जांच व नामांकन अभियान चलाया जाएगा. स्कूल के हेडमास्टर की ओर से सर्वेक्षण के लिए हर घर पहुँचने को लेकर रणनीति बनायी जाएगी. इसके तहत हेडमास्टर सभी शिक्षकों को पोशाक क्षेत्र का बंटवारा करेंगे.

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