भैया दूज में इस मुहूर्त पर टीका करने से बढ़ेगी आयु, जानें क्या है आज का शुभ मुहूर्त

Anurag Gupta1, Last updated: Sat, 6th Nov 2021, 7:11 AM IST
  • पांच दिवसीय पर्व में पांचवा भैया दूज होता है जो इस बार 6 नवंबर शनिवार को मनाया जाएगा. इस बार नौ से साढ़े दस छोड़कर पूरा दिन रहेगा शुभ मुहूर्त. सुबह 8 से 9 के बीच शुभ चौघड़िया मुहूर्त में भाई को टीका करने का अच्छा मुहूर्त होगा. दोपहर 12 से चार बजे के बीच लाभ और अमृत के शुभ चौघड़िया शुभ मुहूर्त रहेगा.
भाई दूज पर बहन भाई को टीका करते हुए (प्रतीकात्मक फोटो)

इस बार भाई दूज पर टीका का पर्याप्त समय मिलेगा. इस बार डेढ़ घंटे को छोड़कर पूरे शनिवार को मुहूर्त रहेगा. पांच दिवसीय पर्व में पांचवा त्योहार भैया दूज होता है. जो इस साल शनिवार को पड़ रहा है. मान्यता है ये पर्व यम और यमुना के प्यार से जुड़ा है. इस दिन भाई बहनों के घर टीका कराने जाते हैं. इस दिन सुबह नौ बजे से साढ़े दस बजे को छोड़कर पूरा दिन शुभ मुहूर्त रहेगा.

पौराणिक कथाओं के अनुसार यमुना के आग्रह करने पर एक बार यमराज कार्तिक शुक्ल द्वितीय को अपनी बहन यमुना से मिलने गए थे और यमुना ने यम को टीका करके उनसे ये वचन लिया था कि आज के दिन जो बहन अपने भाई को तिलक करके उसके मंगल की कामना करेगी. यमराज उसके भाई को अल्पायु, रोग, शोक आदि नहीं होने देंगे. तभी से भाई दूज के पर्व की परम्परा चली आ रही है.

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कथाएं बताती है यम और यमुना परस्पर भाई-बहन हैं. यमुना को शिकायत रहती थी कि यम कभी उनके घर नहीं आते हैं. एक दिन यम अचानक यमुना के घर पहुंच गए. यमुना ने अपने भाई यम को तिलक किया और स्मृति स्वरूप नारियल का गोला भेंट किया. यमुना ने कहा ये नारियल आपको अपनी बहन की याद दिलाता रहेगा. मान्यता के अनुसार तभी से भैयादूज पर बहनें टीका करने के बाद भाइयों को गोला भेंट करती हैं. इस दिन भाई अपनी बहन के घर जाते है और तिलक कराते है. मान्यता है इस दिन यमुना में स्नान भी करा जाता है.

क्या है शुभ मुहूर्त टीके का:

शनिवार सुबह नौ से साढ़े दस बजे तक राहुकाल रहेगा इसलिए इस वक्त भाई को टीका न करें. सुबह 8 से 9 के बीच शुभ चौघड़िया मुहूर्त में भाई को टीका करने का अच्छा मुहूर्त होगा. दोपहर 12 से चार बजे के बीच लाभ और अमृत के शुभ चौघड़िया शुभ मुहूर्त रहेगा. कार्तिक मास की द्वितीय तिथि को चित्रगुप्त पूजा का भी विधान है. इस दिन खाता बहियों की भी पूजा की जाती है. खाताबहियों का पूजन का समय दोपहर 1.15 से शाम 3.25 तक रहेगा.

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