बिहार के किसान सुधांशु कुमार की खेती का अलग है अंदाज, विदेशों तक लीची सप्लाई

Smart News Team, Last updated: Mon, 14th Sep 2020, 8:33 PM IST
  • बिहार में काफी वर्षों पहले ही किसान श्री की उपाधि से सम्मानित होने वाले सुधांशु कुमार ने कृषि के क्षेत्र में जो बदलाव किए हैं उनसे प्रदेश क्या देशभर के किसानों को सीखने का मौका मिल रहा है.
बिहार के किसान सुधांशु कुमार की खेती का अलग है अंदाज, विदेशों तक लीची सप्लाई

पटना. बिहार में कई सालों पहले ही किसान श्री की उपाधि से सम्मानित होने वाले सुधांशु कुमार ने कृषि के क्षेत्र में जो बदलाव किए हैं उनसे प्रदेश क्या देशभर के किसानों को सीखने का मौका मिल रहा है. नयानगर के किसान सुधांशु कुमार कम लागत में लीची, आम, केला और अमरूद समेत अन्य चीजों की बेहतर उपज की क्षमता रखते हैं. सुधांशु कुमार का उत्पादन देश से लेकर विदेशों तक भी पहुंचता है. उनकी खेती की तकनीक के तो सीएम नीतीश कुमार भी कायल हैं. साल 2019 में सीएम नीतीश कुमार सुधांशु कुमार की खेती की विशेषता देखने उनके खेतों तक पहुंच गए थे.

सुधांशु कुमार की बात करें तो वे पिछले 31 साल से खेती कर रहे हैं और वर्तमान में भारतीय किसान नेटवर्क के प्रधान सचिव भी हैं. साल 1988 में टाटा की नौकरी छोड़कर सुधांशु कुमार ने ऑर्गैनिक खेती की शुरुआत की थी. सुधांशु कुमार कुल 60 एकड़ जमीन पर खेती कर रहे हैं जिसमें 35 एकड़ में पूरी तरह फर्टिगेशन प्रक्रिया का इस्तेमाल किया जाता है.

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सीएम नीतीश कुमार साल 2019 के मार्च में किसान सुधांशु कुमार के खेत पर पहुंचे और ड्रीप एरिगेशन विथ फर्टिलाईजेशन सिस्टम का उद्घाटन किया था. सीएम नीतीश कुमार सुधांशु के लीची बगान भी देखने को पहुंचे थे. इस बगान की लीची देश के कई शहरों के साथ-साथ विदेशों में भी जाती है.

लीची फार्मिंग

बिहार के किसान टेक्निकल किसान सुधांशु कुमार अपनी खेती दूसरे किसानों से हटकर करते हैं. सुधांशु जहां रहते हैं, मोबाइल-लैपटॉप के जरिए वे हमेशा खेतों पर नजर बनाए रखते हैं. सुधांशु कुमार देश-दुनिया में खेती के लिए विकसित हो रहे नए औजार को देखते रहते हैं और उन्हीं औजारों को खेतों में लाकर उसका इस्तेमाल कर बेहतर उत्पादन करने की हमेशा सोचते हैं.

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