Jaya Ekadashi 2022: कब है माघ शुक्ल जया एकादशी, जानें व्रत, तिथि और पूजा विधि

Pallawi Kumari, Last updated: Wed, 2nd Feb 2022, 4:04 PM IST
  • माघ महीने में षटतिला एकादशी के बाद अब जया एकदाशी मनाई जाएगी. एकादशी का दिन भगवान विष्णु को समर्पित होता है. इस दिन श्री हरि की पूजा अराधना की जाती है. जया एकादशी का व्रत काफी पुण्यदायी माना जाता है. आइये जानते हैं कब रखा जाएगा जया एकादशी का व्रत, पूजा विधि, कथा और पारण मुहूर्त.
जया एकादशी भगवान विष्णु पूजा (फोटो-लाइव हिन्दुस्तान)

हर महीने दो एकादशी तिथि पड़ती है. एक कृष्ण पक्ष में और दूसरी शुक्ल पक्ष में. माघ महीने में षटतिला एकदाशी के बाद अब शुक्ल पक्ष में जया एकादशी का व्रत रखा जाएगा. इस बार शनिवार 12 फरवरी को जया एकदाशी का व्रत है. शास्त्रों में जया एकदाशी व्रत को पुण्यदायी बताया गया है. विधि पूर्वक इस व्रत को करने से भगवान विष्णु भक्तों की सारी मनाकामनाएं पूरी करते हैं. कहा जाता है कि जया एकादशी व्रत से व्यक्ति को मोक्ष की प्राप्ति होती है और उसे पाप, रोग और सभी तरह के कष्टों से मुक्ति मिलती है. आइए जानते हैं माघ महीने में पड़ने वाले जया एकादशी व्रत की तिथि, शुभ मुहूर्त , पूजा विधि के बारे में.

जया एकदाशी पूजा विधि-

जया एकदाशी व्रत करने वाले को एक दिन पहले से ही सात्विक भोजन खाना चाहिए. व्रत वाले दिन सुबह स्नान कर व्रत का पहले संकल्प लेकर पूजा शुरू करनी चाहिए. पूजा में धूप, दीप, फल और पंचामृत भगवान विष्णु को अर्पित करें और इस दिन श्री हरि के कृष्ण अवतार की भी पूजा करनी चाहिए. पूजा में श्री हरि की आरती करें और जया एकादशी व्रत कथा पढ़ें. अगले दिन यानी द्वादशी के दिन पूजा पाठ कर दान देने के बाद पारण के मुहूर्त पर व्रत का पारण करें.

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जया एकादशी तिथि व मुहूर्त

एकादशी तिथि आरंभ- शुक्रवार 11 फरवरी, दोपहर 01:52 मिनट पर

एकादशी तिथि समाप्त- शनिवार 12 फरवरी, शाम 04:27 मिनट तक

उदयातिथि 12 फरवरी होने के कारण जया एकादशी व्रत 12 फरवरी को मान्य होगा.

जया एकादशी पूजा शुभ मुहूर्त आरंभ- शनिवार12 फरवरी, दोपहर 12:13 मिनट से

जया एकादशी पूजा शुभ मुहूर्त समाप्त- शनिवार 12 फरवरी, दोपहर 12: 58 मिनट तक

जया एकदाशी पर भगवान श्री हरि की पूजा के लिए आपको 43 मिनट का शुभ समय मिलेगा. इस दौरान पूजा करने से उसका फल मिलता है.

पारण का समय- रिववार 13 फरवरी, सुबह 07:01 मिनट से 09:15 के बीच

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