पटना नगर निगम स्वच्छता रैंकिंग के लिए स्लम बस्तियों को स्वच्छ बनाने में जुटा

Smart News Team, Last updated: 02/12/2020 06:07 PM IST
  • स्वच्छता सर्वेक्षण में स्लम क्षेत्र भी शामिल हैं. इन्हें हर तरह की मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही हैं.  इसके लिए स्लम क्षेत्र विकास शाखा का भी गठन कर दिया गया है.
पटना में अब स्वच्छता सर्वेक्षण 2021 में भी टॉप पर लाने की तैयारी

पटना. पटना नगर निगम स्वच्छता रैंकिंग में ज्यादा अंक पाने के लिए स्लम बस्तियों को स्वच्छ बनाने में जुट गया है. इससे इन बस्तियों के दिन भी फिरने वाले हैं. यहां सभी मूलभूत सुविधाओं को दुरुस्‍त किया जा रहा है. इन बस्तियों में अब पीने का पानी, बिजली, सड़क आदि सुविधाओं को विकसित किया जाएगा. पटना नगर निगम के आयुक्त हिमांशु शर्मा नियमित रूप से स्लम बस्तियों में भ्रमण कर गुणवत्ता के साथ सुविधा उपलब्‍ध कराने में जुट गए हैं. 

निगम आयुक्त का कहना है कि स्लम क्षेत्रों में कार्य का जायजा वह स्वयं ले रहे हैं. इस क्षेत्र में रहने वाली युवा लड़क‍ियों के स्वास्थ्‍य को ध्यान में रखते हुए सैनिटरी नैपकीन प्रतिमाह मुफ्त उपलब्ध कराने का कार्य चल रहा है. यह कार्यक्रम नियमित रूप से चलेगा. पटना में 150 स्लम क्षेत्र हैं. स्वच्छता सर्वेक्षण 2021 के दौरान केंद्रीय टीम स्लम क्षेत्रों में भी दौरा करना है. नगर आयुक्त ने  बताया कि स्वच्छता सर्वेक्षण में स्लम क्षेत्र भी हैं. इन्हें हर तरह की मूलभूत सुविधाएं उपलब्ध कराई जा रही है. नगर आयुक्त ने स्लम क्षेत्र विकास शाखा का गठन कर दिया है. सभी अंचल के कार्यपालक पदाधिकारी, सभी नगर प्रबंधक और सभी कार्यपालक अभियंता अपने-अपने क्षेत्र के नोडल पदाधिकारी बना दिए गए हैं.

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पटना नगर निगम की महापौर सीता साहू ने बताया कि स्वच्छता सर्वेक्षण में बेहतर अंक लाने के उदेश्य से कार्य युद्ध स्तर पर किया जा रहा है. स्लम क्षेत्रों के लोगों से शौचालय के उपयोग करने के लिए नगर निगम की टीम दबाव बना रही है. सड़क के किनारे शौच नहीं कर स्वच्छ वातावरण बनाने की जानकारी दी जा रही है.

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