हाईकोर्ट ने JPSC पीटी के गलत आंसर पर आयोग से मांगा जवाब, मेंस एग्जाम जल्द कराने का आदेश

Sumit Rajak, Last updated: Thu, 9th Dec 2021, 8:42 AM IST
  • झारखंड हाईकोर्ट ने सातवीं जेपीएससी की मुख्य परीक्षा पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है. सातवीं जेपीएससी की ओर से जारी मॉडल आंसर में गलत जवाब होने का दावा करने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने जेपीएससी से जवाब मांगा है.
 फाइल फोटो 

रांची. झारखंड हाईकोर्ट ने सातवीं जेपीएससी की मुख्य परीक्षा पर रोक लगाने से इनकार कर दिया है. बुधवार को सातवीं जेपीएससी की ओर से जारी मॉडल आंसर में गलत जवाब होने का दावा करने वाली याचिका पर सुनवाई करते हुए हाईकोर्ट ने जेपीएससी से जवाब मांगा है. जस्टिस राजेश शंकर की अदालत ने जेपीएससी को 3 सप्ताह में जवाब दाखिल करने का निर्देश दिया है. इस संबंध में शेखर सुमन ने याचिका दायर की है. 

याचिका में कहा गया है कि आयोग की ओर से गलत मॉडल आंसर के आधार पर पीटी का रिजल्ट घोषित किया गया है. जबकि इससे पूर्व सभी अभ्यार्थियों से इसको लेकर जेपीएससी ने आपत्ति मांगी थी. उनकी ओर से भी करीब 5 प्रश्नों का उत्तर गलत होने का दावा करते हुए संबंधित दस्तावेज भेजे गए थे. लेकिन जेपीएससी ने गलत आंसर के आधार पर ही परिणाम जारी कर दिया है. इस कारण मुख्य परीक्षा पर रोक लगा देनी चाहिए. प्रार्थी का कहना है कि कुल 8 प्रश्नों के मॉडल उत्तर गलत है, इसलिए पीटी का रिजल्ट निरस्त किया जाए. याचिका में मुख्य परीक्षा के लिए भरे जा रहे फॉर्म पर रोक लगाने की मांग की गई है. प्रार्थी की ओर से पेपर पेपर 1 वन के छह और पेपर दो के दो मॉडल उत्तर को गलत बताते हुए संबंधित दस्तावेज भी दिया गया. लेकिन संशोधित परिणाम में उक्त उत्तर में सुधार नहीं किया गया. इसलिए परिणाम को निरस्त करने की मांग की गई है.

कोरोना से मरने वाले लोगों के परिजनों को मिलेंगें 50 हजार रुपये, ऐसे करें आवेदन

जेपीएससी में सीरियल नंबर से पास अभ्यर्थी को किया तलब

झारखंड लोक सेवा आयोग ने सातवीं से दसवीं सिविल सेवा पीटी में सीरियल नंबर के पास विद्यार्थियों को तलब किया है. आयोग के परीक्षा नियंत्रण ने अभ्यार्थियों को ई-मेल किया है और चेतावनी दी है कि जांच के लिए आयोग नहीं आने पर अभ्यर्थियों पर अंतिम निर्णय लेने के लिए आयोग स्वतंत्र होगा. आयोग ने अभ्यर्थियों को प्रवेश पत्र, दोनों पालियों की ओएमआर सीट, उत्तर की कार्बन कॉपी और वैध पहचान पत्र लेकर आने को कहा है. इस पर झारखंड स्टेट स्टूडेंट यूनियन के देवेंद्र नाथ महतो व मनोज यादव ने आपत्ति जताई है. उन्होंने कहा कि अभ्यार्थियों को पीटी का आंसर पेपर का कार्बन कॉपी लेकर बुलाना गलत है. जब आयोग के पास उसकी मूल प्रति है तो इसकी क्या जरूरत है ? उन्होंने दावा किया सीरियल नंबर के पास अभ्यर्थियों की मूल कॉपी गायब हो गई है.

अन्य खबरें