ओमीक्रोन को लेकर अलर्ट मोड पर रिम्स प्रशासन, बन रहा अस्थायी कोविड वार्ड

Indrajeet kumar, Last updated: Wed, 1st Dec 2021, 12:37 PM IST
  • कोरोना के नए वेरिएंट ओमीक्रोन के संभावित खतरे को देखते हुए रिम्स प्रशासन ने अस्थाई कोविड-19 वार्ड तैयार करने के लिए काम शुरू कर दिया है. यहां लगभग 100 बेड लगाए जाएंगे. ऑक्सीजन सप्लाई के लिए जंबो ऑक्सीजन सिलेंडर को स्टॉक किया जा रहा है. साथ ही ट्रामा सेंटर को पहले की तरह कोविड-19 अस्पताल के रूप में बदला जा रहा है.
ओमीक्रोन को लेकर अलर्ट मोड पर रिम्स प्रशासन, बन रहा अस्थाई कोविड वार्ड

रांची. कोरोना के नए वैरिएंट ओमीक्रोन को लेकर रिम्स प्रशासन भी पूरी तरह हरकत में आ गया है. रिम्स ने अस्थाई कोविड-19 वार्ड तैयार करने के लिए काम शुरू कर दिया गया है. यहां लगभग 100 बेड लगाने की तैयारी है. जिसमें 65 बेड मंगलवार को ही लगा दिए गए हैं. वहीं ऑक्सीजन की आपूर्ति के लिए सैकड़ों की संख्या में जंबो ऑक्सीजन सिलेंडर को स्टॉक करके रखा है. साथ ही वार्ड की साफ-सफाई भी शुरू कर दी गई है. रिम्स प्रशासन ने सोमवार की शाम को एक अहम बैठक की. इस बैठक में यह फैसला लिया गया कि न्यू ट्रामा सेंटर को कोविड-19 वार्ड के लिए पूरी तरह से तैयार रखा जाएगा. यहां लगी मशीनों की मरम्मत की जा रही है. ट्रामा सेंटर को पहले की तरह कोविड-19 अस्पताल के रूप में बदला जा रहा है. यहां कोरोना के गंभीर मरीजों का इलाज किया जाएगा.

जिनोम सीक्वेंसिंग मशीन की होगी खरीदारी

स्वास्थ्य मंत्री बन्ना गुप्ता ने कहा है कि कोरोनावायरस वैरिएंट की जांच के लिए जिनोम सीक्वेंसिंग मशीन की खरीदारी पर मुहर लग गई है. उन्होंने कहा कि एमजीएम जमशेदपुर और रिम्स रांची में एक मशीन लगाई जाएगी. गौरतलब है कि वर्तमान में कोरोना के वैरिएंट का पता लगाने के लिए सैंपल आईएलएस लैब भुवनेश्वर भेजा जाता है. इसके अलावा 128 स्लाइस सीटी स्कैन मशीन की खरीद को भी स्वीकृति दी गई है. साथ ही कैंसर मरीजों की सिकाई के लिए लीनियर एक्सीलेटर मशीन की मांग को लेकर झारखंड सरकार के प्रोक्योरमेंट कारपोरेशन में आवेदन दिया है. इसके अलावा रिम्स में सफाई और सुरक्षा के लिए अब दो एजेंसियां काम करेंगी. उनकी एग्रीमेंट में पेनल्टी क्लॉज रहेगा. एजेंसी के द्वारा गड़बड़ी पाए जाने पर शुरुआत में पेमेंट से 5% और बाद में 10% की कटौती होगी.

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सोशल डिस्टेंसिंग पर दिया जाएगा जोर

रिम्स प्रबंधन के अनुसार नए वेरिएंट को देखते हुए सोशल डिस्टेंसिंग पर जोर दिया जाएगा. बता दें कि रिम्स में वर्तमान में भर्ती होने और ओपीडी में आने वाले मरीजों की संख्या लगातार बढ़ रही है. फिलहाल किसी तरह की सोशल डिस्टेंसिंग देखने को नहीं मिल रही है. रिम्स में मास्क के बिना भी मरीज आसानी से घूमते नजर आ रहे हैं. रिम्स प्रबंधन जल्द ही इस पर सख्ती दिखाने को लेकर कदम उठाएगी. रिम्स के ओपीडी टिकट काउंटर और कार्डियोलॉजी विंग के टिकट काउंटर पर लोग एक दूसरे से काफी करीब नजर आते हैं.

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